वहीं, सोमवार को उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की और इस दौरान अपने खराब फॉर्म पर उन्होंने चुप्पी तोड़ी। इस दौरान उन्होंने चेतेश्वर पुजारा का भी बचाव किया। प्रेस कॉन्फ्रेंस में समाचार एजेंसी एएनआई के सवाल का जवाब देते हुए रहाणे ने कहा, 'मैं आलोचनाओं से ज्यादा परेशान नहीं होता। लोग महत्वपूर्ण लोगों के बारे में ही बात करते हैं। मैं खुश हूं कि वह मेरे साथ ऐसा कर रहे हैं। हम सिर्फ टीम के लिए योगदान देना चाहते हैं। मैं उन चीजों पर ही फोकस करता हूं, जो मेरे नियंत्रण में होती हैं। टीम का प्रदर्शन मेरा मुख्य लक्ष्य है। आप अपने हिसाब से सोचते हैं, लेकिन आखिर में यह सब टीम के लिए ही होता है।'
वहीं, पुजारा बचाव करते हुए रहाणे ने कहा, 'दूसरे टेस्ट में मेरी पारी संतोषजनक थी, मैं हमेशा से ही टीम के लिए योगदान देने में विश्वास रखता हूं, मैं हमेशा ही टीम के बारे में सोचता हूं। 61 रनों की लॉर्ड्स में खेली गई वह पारी मेरे लिए संतोषजनक थी। पुजारा स्लो खेल रहे थे कि लेकिन उनकी पारी काफी महत्वपूर्ण थी, उन्होंने अपनी बल्लेबाजी के दौरान 200 गेंदें खेली। पुजारा और मैं काफी समय से खेल रहे हैं और हम जानते हैं कि ऐसी चीजों और दवाब से कैसे निपटना है।'
बता दें कि रहाणे और पुजारा के बीच दूसरी पारी में चौथे विकेट के लिए 100 रनों की साझेदारी हुई थी। इसके बाद शमी और बुमराह की 89 रन की अटूट साझेदारी ने दूसरे टेस्ट में टीम इंडिया को बड़ी जीत दिलाई। भारत ने लॉर्ड्स में मेजबान इंग्लैंड को 151 रन से हराकर पांच मैचों की टेस्ट सीरीज में 1-0 की बढ़त बनाई। दोनों टीमों के बीच नॉटिंघम मेखेला गया पहला टेस्ट ड्रॉ रहा था।