खेल को लगातार साफ रखने की कोशिशों में जुटा भारतीय कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) क्रिकेटरों के लिए एजेंट मान्यता प्रणाली लागू करेगी। बीसीसीआई का तर्क है कि इससे क्रिकेट में पारदर्शिता आएगी।
दरअसल, आईपीएल 2013 में स्पॉट फिक्सिंग के बाद से ही बीसीसीआई में यह मुद्दा भी उठा था। ताकि क्रिकेटरों के एजेंट पर बीसीसीआई की मुहर लगे और उन्हें पूरे नियमों के तहत की नियुक्त किया जाए।
क्रिकेट और बिजनेस के आपस में तालमेल बढने के बाद फिक्सिंग का भूत हावी होने लगा है। इसलिए अब बीसीसीआई को इसकी जरुरत महसूस होने लगी है। बीसीसीआई अध्यक्ष जगमोहन डालमिया ने इसे बेहद जरुरी बताया है।