लघु सचिवालय में सोमवार को घंटों तक धरना प्रदर्शन का दौर चला। नगर निगम में शामिल विभिन्न कालोनियों के लोगोंने जहां बेहतर जीवन यापन के लिए सुविधाएं मांगी। वहीं किसानों ने प्रदर्शन कर बारिश से खराब फसलों के लिए मुआवजा का मुद्दा उठाया। दलित संगठन भी दलितों पर अत्याचार के खिलाफ न्याय मांगने उतरे। डीसी ने प्रदर्शनकारियों से ज्ञापन लिए और मांगों पर चर्चा की।
सुविधाओं के लिए सड़क पर उतरे आठ कालोनियों के लोग
जगाधरी वर्कशाप। सोमवार को मोतीबाग, त्यागी गार्डन, मायापुरी, राम नगर, रमेश नगर, गोल्डन पुरी, बैंक कालोनी व विकास नगर के सैकड़ों लोगों ने हरिनारायण शर्मा के नेतृत्व में लघु सचिवालय में प्रदर्शन किया। यहां लोगों ने डीसी डा. एसएस फुलिया से मुलाकात कर अपनी मांगें व परेशानियां उनके सामने रखी। डीसी ने उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। डीसी को बताया कि निगम की कालोनियों में मूलभूत सुविधाएं भी नहीं है। यहां गलियां कच्ची हैं और नालियां गंदगी से अटी पड़ी है। सीवरेज व्यवस्था कालोनियों में है ही नहीं। जिसकी वजह से यहां पानी निकासी नहीं हो पाती। सबसे अधिक हालात बरसात के दिनों में खराब होते हैं। जब हल्की सी बारिश में गलियां कीचड़ से सन जाती हैं और पानी घरों में घुस जाता है। छह साल से नगर निगम द्वारा टैक्स भी लिया जा रहा है। लेकिन यहां विकास करवाने में अधिकारी आनाकानी कर रहे हैं।
बारिश के पानी से फसलें खराब, गिरदावरी हो
यमुनानगर। भाकियू के प्रदेश संयोजक बाबू राम गुंदियाना के नेतृत्व में किसान लघु सचिवालय के समक्ष जगाधरी अनाजमंडी में एकत्र हुए। यहां किसानों ने करीब दो घंटे तक धरना प्रदर्शन किया। बाद में किसान नारेबाजी करते हुए नेशनल हाईवे से जुलूस के रूप में लघु सचिवालय में पहुंचे। किसानों ने यहां जमकर नारेबाजी की और गेट के समक्ष धरने पर बैठ गए। डीसी डा. एसएस फुलिया ने किसानों के बीच पहुंच कर प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन लिया। ज्ञापन में किसानों ने कहा कि कुछ दिन पहले तेज बारिश होने से गांव सुढ़ल व सुढै़ल समेत अन्य गांवों के निचले इलाकों में दादूपुर नलवी नहर व राक्षी नदी का पानी भर गया। जिससे सैकड़ों एकड़ में खड़ी धान व चारा की फसलें खराब हो गई। जिनकी अभी तक गिरदावरी नहीं करवाई गई है। किसान नेताओं ने कहा कि बैंक कर्जदार किसानों के फोटो सार्वजनिक स्थानों व अपने बैंक परिसर में चस्पा कर रहे हैं। जिनसे दुखी होकर किसान आत्महत्या करने पर विवश हैं। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जब तक स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू नहीं हो जाती तब तक किसानों के सभी कर्जे माफ किए जाएं। प्रदर्शन में जिला अध्यक्ष संजू गुंदियाना, प्रदेश सचिव हरपाल, संजू गुंदियाना, कश्मीरी लाल, कृष्णपाल, गुरमुख, सतपाल, सुखदेव, यशपाल व केसर सिंह, सुरेंद्र, विजय, मनोहर, मान सिंह, सतपाल, महीपाल व कुलवंत आदि मौजूद थे।
दलित उत्पीड़न के खिलाफ दो घंटे तक नारेबाजी
यमुनानगर। सर्वदलित समाज के बैनर तले काफी संख्या में दलित समाज के लोग सोमवार सुबह जगाधरी अनाज मंडी गेट के नजदीक एकत्रित हुए। यहां समाज के लोगों ने करीब दो घंटे तक धरना प्रदर्शन किया। धरने प्रदर्शन के दौरान लोगों ने केंद्र व राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। समाज के सदस्य संदीप, प्रदीप, लाल सिंह, राजेंद्र, अतर सिंह, सुमित, नसीब सिंह, अमित कुमार आदि ने बताया कि देश व प्रदेश में दलित समाज के लोगों पर अत्याचार हो रहे है। सरेआम दलित समाज की महिलाओं व युवतियों से गैंगरेप किए जा रहे है। जिसे रोकने में सरकार नाकामयाब है। दलित समाज पर अत्याचार किया जाता है व सार्वजनिक तौर पर भी उन्हें अपमानित व प्रताड़ित भी किया जाता है। धरना प्रदर्शन के बाद समाज के सभी लोग प्रदर्शन करते हुए नेशनल हाईवे से होते हुए लघु सचिवालय में पहुंचे और डीसी को ज्ञापन सौंपा।