पहाड़ों में हो रही तेज बारिश से यमुना उफान पर है। गुरुवार आधी रात के बाद एक बजे हथिनी कुंड बैराज पर जलस्तर बढ़कर 1 लाख 27 हजार 417 क्यूसिक हो गया। जो शुक्रवार सुबह छह बजे तक एक लाख 20 हजार तक जारी रहा। इस सारे पानी को दिल्ली की तरफ छोड़ा गया है। वहीं शुक्रवार को दिनभर बारिश होती रही।
इसके चलते शनिवार अलसुबह जलस्तर डेढ़ से दो लाख क्यूसिक तक पहुंच सकता है। अकेले यमुनानगर में कुल मिलाकर 274 एमएम बारिश दर्ज की गई है। पानी का लेवल बढ़ने की आशंका के मद्देनजर सिंचाई विभाग की तरफ से यमुनानगर, करनाल, पानीपत व सोनीपत के डीसी अलर्ट मोड पर रहने को कहा गया है। वहीं दिल्ली सरकार को भी मैसेज दिया गया है कि अगले 48 घंटे में एक से डेढ़ लाख क्यूसिक पानी दिल्ली पहुंच सकता है।
हरियाणा में बाढ़ की स्थिति न बनें, इसके लिए सिंचाई विभाग ने पश्चिमी यमुना नहर में गेट बंद कर रखे हैं। शुक्रवार को दिन के समय पानी कम हुआ तो कुछ समय के लिए गेट खोले गए थे। जिन्हें शाम के वक्त बंद कर दिया गया। दोपहर को अमर उजाला टीम हथिनीकुंड बैराज पर पहुंची तो वहां 18 गेट में 16 गेट खुले मिले। जहां से दिल्ली की तरफ 70 हजार क्यूसिक से लेकर एक लाख क्यूसिक पानी भेजा जा रहा था।