हरियाणा की सीमा में घुसते ही पुलिस को पता चल जाएगा कि कोई वाहन चोरी का है या नहीं। इसके लिए सीमा पर बनीं पुलिस पोस्ट में कंप्यूटर आधारित प्रणाली स्थापित की जा रही है। हरियाणा स्टेट क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो के निदेशक लायक राम डबास ने ‘अमर उजाला’ को बताया कि ब्यूरो ने अपनी वेबसाइट तैयार की है।
वेबसाइट पर हर रोज चोरी हुए वाहनों का लेखा-जोखा अपडेट किया जा रहा है। एक हेल्पलाइन भी है जिस पर कोई भी व्यक्ति फोन कर पूछ सकता है कि चेसिस और इंजन नंबर वाला कोई वाहन चोरी का है या नहीं। वेबसाइट पर अभी हरियाणा से चोरी वाहनों का रिकॉर्ड दर्ज होता है। यह प्रयास किया जा रहा है कि हरियाणा की सीमा के साथ लगते दूसरे राज्यों के जिलों से चोरी होने वाले वाहनों का रिकॉर्ड भी हरियाणा की वेबसाइट पर अपलोड किया जा सके।
सीमा पर पुलिस पोस्ट में दिया जाएगा कंप्यूटर
डबास ने कहा कि सीमा पर स्थापित पुलिस पोस्ट पर अब कंप्यूटर दिया जा रहा है जिस पर हरियाणा स्टेट क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो की वेबसाइट का लिंक दिया जा रहा है। अगर सीमा से गुजर रहे वाहन के बारे में पुलिस को संदेह हो कि वह विशेष वाहन चोरी का हो सकता है तो क्लिक करते ही पता चल जाएगा कि चोरी का है या नहीं। उन्होंने बताया कि आधुनिक तकनीक से गुजरने वाले वाहन की नंबर प्लेट को ऑनलाइन कंप्यूटर के जरिए परखकर पता चल जाएगा कि वाहन चोरी का है या नहीं।
रोजाना होते हैं 400 वाहन चोरी
निदेशक ने बताया कि हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, पश्चिम उत्तर प्रदेश और राजस्थान के हरियाणा की सीमा के साथ लगते क्षेत्रों में हर रोज करीब 400 वाहन चोरी होते हैं। अधिकतर गंभीर श्रेणी के अपराध चोरी के वाहनों से होते हैं और यह भी जांच में सामने आया है कि अपराध करने वाले व्यक्ति चोरी के वाहन की नंबर प्लेट शुरू में नहीं बदलते हैं। उन्होंने बताया कि अभी भी पुलिस नाके के दौरान संदिग्ध वाहन के बारे में पुलिस के मुलाजिम हेल्पलाइन पर फोन कर पूछते रहते हैं और दो-तीन वाहन चोरी के मिलते रहते हैं।