पंजाब के थर्मल प्लांटों में कोयले की कमी हो गई है। जबकि पैडी सीजन सिर पर है। ऐसे में अगर इसी तरह से कोयले की कमी प्लांटों पर बनी रही, तो सूबे में बिजली संकट होने का खतरा बन गया है। पावरकॉम के सीएमडी वेणु प्रसाद ने इस मामले का गंभीर नोटिस लेते हुए अधिकारियों को प्लांटों पर तुरंत 30 दिनों का कोयला स्टॉक करने के निर्देश जारी कर दिए हैं। इस संबंधी जल्द से जल्द रिपोर्ट भी तलब की गई है।
पंजाब के सभी थर्मल प्लांटों में इस समय कोयले की कमी बन गई है। इनमें पंजाब स्टेट पावर कारपोरेशन लिमिटेड (पावरकॉम) के बठिंडा, रोपड़ और लहरां मोहब्बत स्थित थर्मल प्लांटों के साथ-साथ राजपुरा व तलवंडी साबो के प्राइवेट थर्मल प्लांट भी शामिल हैं। रोपड़ के प्लांट को छोड़कर बाकी सभी प्लांटों में 15 दिनों से भी कम का कोयला है। जबकि पावरकॉम की ओर से तय नियमों के मुताबिक 30 दिनों के कोयले को ही पर्याप्त माना जाता है और 15 दिनों के कोयले के स्टाक को कम माना गया है।