सोमवार को वसूली के खिलाफ कलक्ट्रेट में ज्ञापन देने जाते पैठ दुकानदार।
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अपनी जमीन पर अवैध निर्माण को राकने और मड़ई जलाए जाने के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किए जाने से नाराज दो गांवों के लोगों ने शनिवार को मधुबन स्थित शहीद स्मारक पर सामूहिक रूप से बेमियादी धरना शुरू कर दिया।
पहला मामला मधुबन थाने के भवरापुर गांव का है। लालमती पत्नी सीताराम और मंगरु की संयुक्त जमीन है। मंगरु पर जबरना मकान बनाकर कब्जा करने का आरोप है। जिसे रोकने तथा सीमांकन करके मकान बनाने का आवेदन लालमती ने स्थानीय थाने में दिया लेकिन कोई कार्यवाही नहीं होने पर जिलाधिकारी के यहाँ 16 मई को पहंुची। जिलाधिकारी ने मधुबन कोतवाल को भूमिधरी में अवैध कब्जा न होने देने का निर्देश देते हुए मामले के शीघ्र निस्तारण का आदेश दिया। लेकिन मामले का निस्तारण नहीं हुआ। आज भी एक व्यक्ति द्वारा उस जमीन पर निर्माण कार्य कराया जा रहा है ।
जबकि दूसरा मामला थाना क्षेत्र के परसिया जयरामगिरी का है।पीड़िता कंचन देवी के मुताबिक गत 13 मार्च को गाँव के ही कुछ दबंग उसके घर आये और किसी बात को लेकर गाली गलौज करने लगे। उस समय कंचन घर पर अकेली थी। गाली देने से मना करने पर उन्होंने मारने की धमकी देते हुए उसकी मण्डई फूंक दी और भाग गए। इसमें उसकी एक बकरी झुलस गई। लगभग 5000 रुपये से अधिक का सामान जलकर राख हो गया।