संवाद न्यूज एजेंसी
बहादुरगढ़। दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेस-वे के विस्तार के लिए भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया ने गति पकड़ ली है। केंद्र सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की ओर से झज्जर जिले में प्रस्तावित नए एक्सप्रेस-वे लिंक के लिए अधिसूचना जारी कर दी गई है।
इसके तहत बहादुरगढ़ क्षेत्र के छह गांवों की करीब 121 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। प्रशासनिक अधिकारियों और एनएचएआई की टीम ने प्रभावित क्षेत्रों में भूमि की निशानदेही का कार्य भी शुरू कर दिया है। लगभग 300 फीट से अधिक चौड़ाई में भूमि अधिग्रहण किया जा रहा है।
यह नया एक्सप्रेस-वे लिंक बहादुरगढ़ के गांव निलौठी से शुरू होकर दिल्ली के रानीखेड़ा क्षेत्र में अर्बन एक्सटेंशन रोड-2 (यूईआर-2) तक जाएगा। हरियाणा में इसकी लंबाई लगभग 10.250 किलोमीटर रहेगी, जबकि कुल परियोजना करीब 17.5 किलोमीटर लंबी होगी। इसे नेशनल एक्सप्रेस-वे (एनई)-5 एक्सटेंशन के रूप में विकसित किया जा रहा है।
एनएचएआई के अनुरोध पर उपायुक्त वर्षा खांगवाल ने पहले ही प्रभावित गांवों में जमीन की रजिस्ट्री और सीएलयू प्रक्रिया पर रोक लगा दी थी। अधिसूचना जारी होने के बाद अब भूमि अधिग्रहण की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है। अधिसूचना के अनुसार, प्रभावित भूमि मालिक 21 दिनों के भीतर अपनी आपत्तियां जिला राजस्व अधिकारी के समक्ष दर्ज करा सकते हैं और उन्हें सुनवाई का अवसर भी दिया जाएगा।
परियोजना पूरी होने के बाद कटरा एक्सप्रेस-वे से आने-जाने वाले वाहन सीधे दिल्ली, आईजीआई एयरपोर्ट और गुरुग्राम तक पहुंच सकेंगे। इससे बहादुरगढ़ शहर में ट्रैफिक दबाव कम होने की उम्मीद है। करीब 1500 करोड़ रुपये की इस परियोजना की निगरानी एनएचएआई की परियोजना इकाई कर रही है।
झज्जर के गांवों की जमीन का ब्योरा
गांव जमीन हेक्टेयर में
जसौर खेड़ी 17
खेड़ी जसौर 18
निलौठी 19
कुलासी 30
कानौंदा 33
मुकंदपुर 34
कुल 121
दिल्ली के गांवों की जमीन का ब्योरा
जौनती 18
गढ़ी रिंढाला 9.4
निजामपुर 17.3
लाडपुर 2.7
सावदा 2.3
कंझावला 24.5
रानीखेड़ा 12.3
कुल 86.5
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