संवाद न्यूज एजेंसी
बहादुरगढ़। औद्योगिक संगठन बहादुरगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (बीसीसीआई) के चुनाव को लेकर उद्यमियों के बीच बयानबाजी तेज होती जा रही है। इतना ही नहीं कोबी (कॉन्फेडरेशन ऑफ बहादुरगढ़ इंडस्ट्री) प्रधान प्रवीण गर्ग ने सुभाष जग्गा को सार्वजनिक बहस के लिए भी चुनौती दी है।
कहा कि यदि आवश्यकता हो तो मीडिया की मौजूदगी में तथ्यों के साथ आमने-सामने चर्चा की जा सकती है। चुनाव प्रक्रिया पर उठे सवालों के बीच बीसीसीआई और कोबी के पदाधिकारियों के बीच जुबानी जंग तेज होती जा रही है।
बीसीसीआई प्रधान और उद्योग विकास मंच के सदस्य सुभाष जग्गा की ओर से कुछ दिनों पहले वीडियो जारी कर लगाए गए आरोपों के बाद अब टीम प्रोग्रेसिव फ्रंट और कोबी प्रधान प्रवीण गर्ग ने चुनाव प्रक्रिया, वोटर सूची और संस्था के संचालन पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं।
पदाधिकारियों ने वर्ष 2018 में प्रस्तावित चुनाव को 2026 में घोषित किए जाने, कथित फर्जी वोटों के सहारे चुनाव कराने के प्रयास, बिना व्यापक सूचना के चुनाव कार्यक्रम जारी करने तथा वोटर सूची में गड़बड़ियों जैसे मुद्दों पर जवाब मांगा गया है।
उद्योगपतियों ने यह भी सवाल उठाया कि बंद हो चुकी इकाइयों और गैर-मौजूद व्यक्तियों के नाम वोटर सूची में कैसे शामिल हुए।प्रवीण गर्ग गुट ने कहा कि यदि संस्था का संचालन सही तरीके से हो रहा था तो वर्ष 2021 में अलग औद्योगिक संगठन कोबी बनाने की जरूरत क्यों पड़ी।
उल्लेखनीय है कि बीसीसीआई के चुनाव 11 मई को प्रस्तावित थे, लेकिन वोटों में कथित गड़बड़ी और शिकायतों के चलते फर्म एवं सोसाइटी की जिला रजिस्ट्रार ने चुनाव फिलहाल 10 दिनों के लिए स्थगित कर दिए हैं।