पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने चंडीगढ़ में तेजी से बढ़ती ट्रैफिक
दिक्कताें के मामले में यूटी प्रशासन को कड़ी फटकार लगाई है।
हाईवे मामलाें
की सुनवाई के दौरान जस्टिस राजीव भल्ला पर आधारित सिंगल बेंच ने यूटी के
चीफ इंजीनियर और चीफ आर्किटेक्ट को ट्रैफिक सुधारों के मामले में सुझावों
सहित विस्तृत रिपोर्ट हाईकोर्ट में पेश करने के निर्देश जारी किए हैं।
इसके
साथ ही, हाईकोर्ट ने आईजी ट्रैफिक से पूछा कि वह बताएं कि सड़काें पर
कितने ट्रैफिक कर्मचारियाें को कहां-कहां लगाया गया है और इसमें होमगार्डों
की संख्या कितनी है। हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई शुक्रवार के लिए
निर्धारित की है।
मामले की सुनवाई के दौरान चंडीगढ़ प्रशासन ने
हाईकोर्ट को आश्वस्त करने की कोशिश करते हुए कहा कि प्रशासन ट्रैफिक
व्यवस्था को लेकर गंभीर है और इस दिशा में विशेष कदम उठाए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि जागरूकता अभियान छेड़े गए हैं और लेनिंग व्यवस्था को भी
दुरुस्त किया जा रहा है।
प्रशासन का पक्ष सुनने के बाद जस्टिस राजीव भल्ला
ने प्रशासन के ढुलमुल रवैये पर कड़ी नाराजगी जताते हुए अगली सुनवाई में
चीफ इंजीनियर और चीफ आर्किटेक्ट से इस दिशा में विस्तृत प्लान तैयार कर
हाईकोर्ट में पेश करने के निर्देश जारी करते हुए सुनवाई स्थगित कर दी।