मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने धूम्रपान पर अंकुश के लिए नियमों की सख्ती से पालन पर जोर दिया है। वालेंटरी हेल्थ एसोसिएशन आफ इंडिया के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात में चर्चा के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि सिगरेट्स एंड अदर टोबैको प्रोडक्ट्स एक्ट को प्रदेश स्तर पर सख्ती से अमल में लाया जाएगा।
स्मोक फ्री जोन को सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि अप्रत्यक्ष धूम्रपान से महिलाओं और बच्चों को बचाया जा सके। उन्होंने वीएचएआई से जागरूकता बढ़ाने को कहा। उन्होंने कहा कि संस्था सरकारी विभागों के साथ मिलकर काम करे, ताकि नियमों का पालन सुनिश्चित किया जा सके।
इस अवसर पर वीएचएआई की निदेशक सीमा गुप्ता ने मुख्यमंत्री से एंटी स्मोकिंग फंड बनाने की मांग की। उन्होंने कहा कि महिलाओं और बच्चों को अप्रत्यक्ष धूम्रपान से बचाने के लिए जो कदम उठाए जाने हैं, उसके लिए सरकार की वित्तीय सहायता महत्वपूर्ण है।
निदेशक ने कहा कि राज्य सरकार ने तंबाकू उत्पादों पर 40 फीसदी टैक्स लगाकर महत्वपूर्ण कदम उठाया है। लेकिन, इसके साथ ही वर्जित क्षेत्र में धूम्रपान करने वालों पर कार्रवाई को यकीनी बनाया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिलाया कि राज्य में बढ़ते तंबाकू सेवन की चुनौती से निपटने के लिए सरकार कारगर कदम उठाएगी।