झज्जर। डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि फसल अवशेष जलाने की घटनाओं पर रोक के लिए प्रशासन सतर्क है। उन्होंने कहा कि फसल अवशेष जलाने से पर्यावरण प्रदूषित होने के साथ-साथ भूमि की उर्वरा शक्ति भी प्रभावित होती है। डीसी वीरवार को वायु गुणवत्ता प्रबंधन को लेकर मुख्य सचिव हरियाणा के साथ हुई वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के बाद अधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रही थीं।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे फील्ड में सक्रिय रहकर नियमित मॉनिटरिंग करें और पराली जलाने की घटनाओं को रोकने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें। किसानों के साथ निरंतर संवाद स्थापित कर उन्हें फसल अवशेष प्रबंधन की योजनाओं और वैकल्पिक उपायों के प्रति जागरूक किया जाए। डीसी ने भुवन एप और सीआरएम स्कीम के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान देने के निर्देश भी दिए। संवाद