संगरूर/चंडीगढ़। स्थानीय सांसद पवन कुमार बंसल के रेल मंत्री बनते ही दिल्ली-चंडीगढ़-अमृतसर बुलेट ट्रेन योजना के मूर्त रूप लेने की जो उम्मीद जगी थी, वह अब खटाई में पड़ गई है। रविवार को संगरूर में खुद रेलमंत्री ने स्वीकार किया कि फंड के अभाव में बुलेट ट्रेन योजना को फिलहाल टाल दिया गया है। हालांकि मालगाड़ियों को तीव्रगति से गंतव्य स्थल तक पहुंचाने के लिए रेल लाइन के समांतर तीसरी लाइन बिछाने की तैयारी चल रही है।
संगरूर में सांसद विजय इंदर सिंगला के निवास पर रविवार को पवन बंसल ने कहा कि हर जगह बुलेट ट्रेन चलाना मुश्किल है क्योंकि इसके लिए विशेष ट्रैक की जरूरत होती है। लेकिन फंड के अभाव में अभी इस योजना को टाल दिया गया है। गौरतलब है कि दिल्ली से चंडीगढ़ के लिए भी बुलेट ट्रेन चलाने की घोषणा की गई है लेकिन इस पर अब तक कोई कार्य शुरू नहीं हुआ है। लेकिन फास्ट ट्रैक के लिए कार्य करने का भरोसा उन्होंने जरूर जताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री डा. मनमोहन सिंह रेलवे को आधुनिक स्वरूप दिलाने के लिए विशेष दिलचस्पी ले रहे हैं। उनके प्रयत्नों से ही दिल्ली से मुंबई का विशाल रेल मार्ग आगामी वर्षों में पूरा हो जाएगा। तीन हजार करोड़ की लागत आने का अनुमान है।