फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विभागों की लड़ाई में फंसी पंद्रह करोड़ की पाइप लाइन बंद

Mon, 27 Feb 2017 12:03 PM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
money
विज्ञापन
एडीबी और जल संस्थान की लड़ाई में शहंशाही आश्रम से वाटर वर्क्स तक बिछाई गई पंद्रह करोड़ की पाइप लाइन शुरू नहीं हो पाई है। दोनों विभाग एक दूसरे पर इसके शुरू न होने का ठीकरा फोड़ रहे हैं। योजना के शुरू होने से करीब 50 हजार लोगों को इसका फायदा मिलता।
विज्ञापन


करीब दो साल पहले एडीबी की ओर से शहंशाही आश्रम से वाटर वर्क्स तक पानी की लाइन डालने का काम शुरू किया गया। इस लाइन को रास्ते में पड़ने वाले करीब 6 ओवर हैड टैंकों से भी जोड़ा जाना था। एडीबी की ओर से लाइन बिछा कर जल संस्थान को हैंड ओवर कर दी गई। संस्थान की ओर से लाइन को ले तो लिया गया लेकिन  टैंकों से नहीं जुड़ने के चलते चालू नहीं किया गया।

वहीं संस्थान का तर्क यह भी है कि शहंशाही आश्रम के जिस स्त्रोत से लाइन जोड़ी गई है, वहां पहले ही पानी कम है तो ऐसे में इस नई लाइन के लिए पर्याप्त पानी भी उपलब्ध नहीं है। यदि ठीक तरीके से काम हो जाता तो अब तक राजपुर रोड सहित आसपास के करीब पचास हजार लोगों को इसका लाभ मिल पाता। पुरानी जीर्ण-शीर्ण लाइन के चलते अब तक पानी की काफी बर्बादी भी होती है। वहीं एडीबी का कहना है कि लाइन चालू है। उनकी ओर से लाइन शुरू होने में कोई दिक्कत नहीं है। 
विज्ञापन


इन जगहों पर लाइन से जोड़ने थे टैंक
बालयोगी, किशन नगर, चिड़ोवाली, अंसल ग्रीन वैली, डीएल रोड, हाथीबड़कला आदि

एडीबी की ओर से जो पाइप लाइन बिछाई गई है। उसको किसी भी ओवर हैड टैंक से नहीं जोड़ा गया है। आधे काम के साथ लाइन दे दी गई। ऐसे में भला संस्थान भी कैसे इस लाइन को चालू कर पाएगा। 
- सुभाष जुयाल, अधिशासी अभियंता, जल संस्थान, उत्तर शाखा

पाइप लाइन जल संस्थान को हैंडओवर कर दी गई है। हमारे हिसाब से तो लाइन चालू है। जहां तक ओवर हैड टैंक से जोड़े जाने की बात है तो कुछ जगहों पर यह काम जरूर रह गया है, जिसे जल्द ही पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। 
विज्ञापन

- विनय मिश्रा, परियोजना प्रबंधक, एडीबी 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें