युवती ने बतया कि साल 2016 में उसकी मुलाकात बुधवारी निवासी विकास केसरवानी से हुई। फिर दोनों के बीच प्यार मोहब्बत का सिलसिला शुरू हुआ। आरोपी युवक युवती से शादी का वादा कर लगातार शारीरिक संबंध बनाता रहा।
इस बीच वह दो बार गर्भवती भी हुई। उसका गर्भपात भी करवाया गया। युवती ने जब युवक पर शादी का दबाव बनाया। तब युवक ने दहेज की मांग रख दी। युवती के परिवार वालों ने आरोपी युवक को चार लाख रुपये, बुलेट गाड़ी सहित सोने के आभूषण दिए। इतना सब कुछ होने के बाद युवक ने युवती से सगाई की।
सगाई के बाद लगातार युवती ने शादी का दबाव बनाया तब युवक टालता रहा। फिर युवती को शक हुआ कि उसके मंगेतर का संबंध किसी और के साथ भी है। तब उसने उससे बात करने की कोशिश की तब आरोपी युवक ने बात करने से मना कर दिया। अपना सब कुछ लुटाने के बाद जिस तरह से युवती को धोखा मिला है। उससे आहत होकर युवती एसपी के पास पहुंची और शिकायत दर्ज कराई। एसपी ने युवती को न्याय दिलाने का भरोसा दिलाया और तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिये।
कोरबा सीएसपी भूषण एक्का ने बताया कि प्रीता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज किया। जिसके बाद से आरोपी की तलाश शुरू कर दी गई। पुलिस ने गिरफ्तारी करते हुए गरियाबंद में पदस्थ आरोपी आरक्षक विकास केसरवानी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।