सूरजपुर जिले के प्रतापपुर में कार सवारों द्वारा स्कूली छात्रा के अपहरण की कोशिश की खबर से क्षेत्र में दहशत फैल गई। छात्रा आत्मानंद स्कूल से घर लौट रही थी। पुलिस ने कई कार सवारों की जांच की, लेकिन अब तक संदिग्धों के खोजबीन में पुलिस को कोई सुराग नही मिल सका है।
गौरतलब है कि सूरजपुर जिले के प्रतापपुर के स्वामी आत्मानंद स्कूल की 11 वर्षीय छात्रा गुरुवार को छुट्टी होने के बाद स्कूल से लौट रही थी, तभी करीब सवा तीन बजे समलेश्वरी मंदिर के पास चौक के समीप एक कार उसके पास आकर रुकी। कार सवारों ने छात्रा को पास बुलाया। वह उनके पास पहुंची तो कार सवारों ने कहा कि 'तुम्हारे मां-पिता का एक्सीडेंट हो गया है। आओ बैठो, तुम्हें उनके पास ले चलते हैं।' छात्रा ने कहा कि अभी तो मम्मी के साथ थी। यह कहते हुए वह वहां से अपने घर चली गई।
घर पहुंचकर मां-पिता के लौटने पर दी जानकारी
स्कूली छात्रा ने कुछ समय बाद अपने पिता एवं माता के स्कूलों से लौटने के बाद उन्हें यह जानकारी दी। इसकी जानकारी छात्रा के पिता ने नगरवासियों के साथ पुलिस को दी। इसके बाद समलेश्वरी मंदिर चौक पर लोगों की भीड़ जमा हो गई एवं काफी संख्या में लोग एकत्र हो गए। कार सवारों का पता नहीं चल पाया। छात्रा के अनुसार, कार सवारों ने चेहरा ढंका हुआ था और वे अल्टो में सवार थे।
नहीं मिला कोई सुराग
घटना के बाद प्रतापपुर पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों का फूटेज देखा, लेकिन संदिग्धों की शिनाख्त नहीं हो सकी। चंदौरा, केरता व भटगांव पुलिस द्वारा भी अल्टो कारों की जांच की गई, लेकिन संदिग्ध की जानकारी नहीं मिल पाई है। प्रतापपुर एसडीओपी अरुण नेताम ने बताया कि पुलिस लगातार प्रयास कर रही है।
बीईओ ने कहा स्वयं पालक आएं स्कूल
घटना के बाद प्रतापपुर बीईओ एमएस धुर्वे ने पत्र जारी कर अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों को विद्यालय तक स्वयं पहुंचाएं एवं सुरक्षित वापस ले जाएं। सुरक्षा की दृष्टि से आवश्यक सतर्कता के लिए बच्चों को घर पर सिखाने का प्रयास करें। घर से बाहर बच्चे अनभिज्ञ व्यक्ति से बात न करें, किसी प्रलोभन में न आएं। अनजान व्यक्तियों के द्वारा अप्रत्याशित घटना का जिक्र करने पर अपने अभिभावकों व शिक्षक से जानकारी की सत्यता सुनिश्चित कर लें।
लापता रिशु का नहीं मिला सुराग
प्रतापपुर से 29 जनवरी को 10 वर्षीय रिशु कश्यप लापता हो गया है। उसका अब तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है। रिशु 29 जनवरी की शाम स्कूल से लौटने के बाद दीदी को दुकान से वापस भेजने के लिए घर से निकला। पुलिस की कोशिशों के बाद भी अब तक उसका सुराग नहीं मिलने से नागरिक सहमें हुए हैं। ऐसे में छात्रा के अपहरण की कोशिश की घटना ने लोगों को परेशान कर दिया है।
बीईओ ने कहा है कि अभिभावक स्कूलों में बच्चों को शिक्षकों को ही सुपुर्द करें। बच्चों को स्कूल लाने व ले जाने के लिए परिवार के वयस्क सदस्यों का ही नाम, संपर्क नंबर फोटो उपलब्ध कराएं और सुनिश्चित करें कि नामित परिवार का सदस्य ही स्कूल से बच्चों को लाने एवं ले जाने का कार्य करें।