21 अगस्त को संपूर्ण बीजापुर की आवश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी व्यवसायिक संस्थान, प्रतिष्ठान, परिवहन सेवाएं, कामगार संस्थाएं के अलावा समस्त शैक्षणिक संस्थान सुबह 06 बजे से शाम पांच तक पूर्ण रूप से बंद करने का निर्णय लिया है।
सुप्रीम कोर्ट द्वारा अनुसूचित जाति, जनजाति के कोटे के अंदर कोटा निर्धारण करने और क्रीमीलेयर लागू करने के निर्णय को असंवैधानिक बताते हुए अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति से जुड़े संगठनों ने इसका विरोध करने का निर्णय लिया है। फैसले के विरोध में 21 अगस्त को संपूर्ण भारत बंद का आह्वान किया गया है।
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समर्थन में बीजापुर जिले के समस्त अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति समुदायों ने 21 अगस्त को संपूर्ण बीजापुर की आवश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी व्यवसायिक संस्थान, प्रतिष्ठान, परिवहन सेवाएं, कामगार संस्थाएं के अलावा समस्त शैक्षणिक संस्थान सुबह 06 बजे से शाम पांच तक पूर्ण रूप से बंद करने का निर्णय लिया है। आरक्षण बचाओ एससी-एसटी संयुक्त समिति के अध्यक्ष शंकर कुडियम ने बताया कि आगामी 21 अगस्त को जिला की समस्त व्यवसायिक संस्थाएं, परिवहन सेवाएं एवं शैक्षिणक संस्थाएं बंद करते हुए बीजापुर शहर में फैसले के विरोध में रैली निकालकर आक्रोश व्यक्त किया जाएगा।
स्थानीय गोंडवाना भवन में आयोजित एसटी, एससी समाज की संयुक्त बैठक में सर्व सहमति से अध्यक्ष शंकर कुडियम, उपाध्यक्ष सुरेश चंद्राकर, सचिव कमलेश पैंकरा, सह सचिव कमलदास झाड़ी, कोषाध्यक्ष जगबंधु मांझी, मनोनीत किए गए। इस दौरान गोंड, मुरिया, हल्बा, दोरला, परधान, कंवर, उरांव, कुडूख उरांव, भतरा, महार, सतनामी, मराई माता महार समाज के प्रतिनिधि और पदाधिकारी मौजूद रहे।