यूटी प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने कोरोना के कहर को देखते हुए किसी भी तरह की प्रेस कांफ्रेंस पर रोक लगा दी है। साथ ही राजनीतिक पार्टियों से भी किसी तरह के आयोजन न करने का आग्रह किया है। उन्होंने एसएसपी को भी आदेश दिए कि शहर में कहीं भी ऐसे आयोजन की जानकारी मिले, जहां भीड़ इकट्ठी है, तो तुरंत एफआईआर दर्ज की जाए।
अधिकारियों की बुधवार को हुई बैठक में प्रशासक बदनौर ने कहा कि शहर में फिलहाल वीकेंड कर्फ्यू नहीं लगाया जाएगा लेकिन लोगों की स्क्रीनिंग, टेस्टिंग को और तेज किया जाएगा। साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग व मास्क पहनने के नियमों का पालन सख्ती से कराया जाएगा।
बदनौर ने आरोग्य सेतु एप द्वारा डिटेक्ट किए गए 58 लोगों की कोरोना जांच के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि शहर में रैंडम सैंपल लिए जाएं। विभिन्न मार्केट और घनी आबादी वाले इलाकों में रोजाना सैनिटाइजेशन के भी आदेश दिए।
मनीमाजरा में 32106 लोगों की स्क्रीनिंग की, सिर्फ 10 संदिग्ध मिले
स्वास्थ्य विभाग के डायरेक्टर डॉ. जी दीवान ने जानकारी दी कि मनीमाजरा में सर्विलांस टीम ने अब तक 8516 घरों में रहने वाले 32106 लोगों की जांच की। इनमें से कोरोना वायरस के सिर्फ 10 संदिग्ध मिले। बैठक में जीएमसीएच के डायरेक्टर ने बताया कि सेक्टर-48 के अस्पताल में उन्होंने कुछ मरीजों को शिफ्ट कर इलाज शुरू किया है।
बैठक में मौजूद डब्ल्यूएचओ के सब रीजनल टीम लीडर डॉक्टर श्रीनिवासन ने चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा उठाए गए कदमों की सराहना की। समाजसेवी संस्थाएं व अन्य वालंटियर्स की तारीफ की, जिन्होंने कोरोना काल में लोगों की मदद की। डॉ. श्रीनिवासन ने सुझाव दिया कि वरिष्ठ नागरिकों व पहले से अन्य गंभीर बीमारियों से ग्रसित लोगों का खासतौर पर ध्यान रखा जाना चाहिए।