सड़क व हाईवे के निर्माण की वजह से भी पर्यटन को बढ़ावा मिला। हिमाचल घूमने पहुंचे लोगों में 80 फीसदी ही लोग ऐसे थे, जिन्होंने दोनों वैक्सीन लगाई थी। रिपोर्ट में सुझाव दिया गया है कि हिमाचल के विभिन्न इलाकों में एयर कनेक्टिविटी की सुविधा देनी होगी, ताकि लोगों का पैसा और समय दोनों की बचत हो। ट्रैफिक की समस्या से निजात पानी होगी। विंटर कॉर्निवल व अन्य तरह के कार्यक्रमों को राज्य सरकार द्वारा बढ़ावा देना होगा, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग राज्य की तरफ आकर्षित हों।
पंजाब में घरेलू 65 और विदेशी पर्यटक 67 फीसदी तक हुए कम
रिपोर्ट में बताया गया है कि वर्ष 2020 में कोरोना की वजह से पंजाब में घरेलू पर्यटक 65 और विदेशी पर्यटक 67 फीसदी तक कम हो गए। वर्ष 2020 में पंजाब में एक करोड़ 67 लाख घरेलू पर्यटक पहुंचे, जबकि वर्ष 2019 में चार करोड़ 74 लाख से ज्यादा लोग पहुंचे थे। इसी तरह वर्ष 2020 में चार लाख विदेशी पर्यटक पहुंचे, जबकि वर्ष 2019 में ये संख्या करीब 11 लाख थी। पर्यटकों की संख्या में करीब 67 फीसदी की कमी आई। अक्टूबर से मार्च के बीच लोग पंजाब पहुंचते हैं। सबसे ज्यादा श्री हरमंदिर साहिब, वाघा बॉर्डर, जलियांवाला बाग, लोधी किला और शीश महल देखने लोग पहुंचे। हालांकि इसमें हैरान करने वाला आंकड़ा ये रहा कि पंजाब घूमने पहुंचे लोगों में महज 34 फीसदी ही लोग ऐसे थे, जिन्होंने दोनों वैक्सीन लगाई थी।
चंडीगढ़ में सबसे ज्यादा रॉक गार्डन देखने पहुंचे पर्यटक
सीआईआई की रिपोर्ट में वर्ष 2020 में चंडीगढ़ पहुंचे पर्यटकों के आंकड़े जारी नहीं किए गए हैं। हालांकि इसका असर चंडीगढ़ के पर्यटन पर भी पड़ा है। बताया गया है कि वर्ष 2016 के बाद से लगातार शहर में घरेलू व विदेशी पर्यटकों की संख्या बढ़ रही है। वर्ष 2019 में घरेलू 16 लाख पर्यटक पहुंचे, जबकि विदेशी पर्यटकों की संख्या चार लाख रही।
वर्ष 2020 के आंकड़े जारी नहीं किए गए हैं लेकिन बताया गया है कि अगस्त से नवंबर के बीच ही चंडीगढ़ में सबसे ज्यादा पर्यटक पहुंचते हैं। सबसे ज्यादा लोग रॉक गार्डन देखने पहुंचे। इसके बाद रोज गार्डन, सुखना लेक और कैपिटल कांप्लेक्स को देखने पहुंचे। सुझाव दिया गया है कि शहर में अर्बन पर्यटन को बढ़ावा देने की जरूरत है। पड़ोसी राज्यों के साथ मिलकर पर्यटन के अच्छे विकल्प तैयार किए जा सकते हैं।