वहीं, सोनीपत के सांसद रमेश कौशिक के टिकट पर संकट बना है। पार्टी की ओर से तैयार किए गए पैनल में योगेश्वर दत्त और महामंत्री मोहनलाल बड़ौली का नाम शामिल है। करनाल सीट से संजय भाटिया फिर से मैदान में होंगे। उनके बारे में खुद सीएम और संघ ने भी हामी भरी है। पंजाब से लगती सिरसा सीट पर पार्टी काफी मंथन चल रहा है। यहां से मौजूदा सांसद सुनीता दुग्गल के अलावा अशोक तंवर का नाम चर्चा में है। पिछले कुछ दिनों से तंवर ने सिरसा में अपनी गतिविधियां बढ़ा दी है। यदि पार्टी सत्ता विरोधी लहर के पैमाने को लेकर चलती है तो पार्टी दुग्गल की जगह किसी दूसरे को मैदान में उतार सकती है। हालांकि दुग्गल का दावा कहीं से भी कमजोर नहीं दिख रहा है।
वहीं, अंबाला से दिवंगत सांसद रतनलाल कटारिया की पत्नी बंतो कटारिया का नाम लिस्ट में सबसे ऊपर है। प्रखर प्रवक्ता होने की वजह से उनकी दावेदारी सबसे मजबूत है। वहीं, हिसार सीट पर पेंच फंस गया है। सत्ता विरोधी लहर को देखते हुए पार्टी बृजेंद्र सिंह की जगह पूर्व वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु को लड़वाने के मूड में है। सीट से कुलदीप बिश्नोई का भी नाम चर्चा में है। वहीं, गुरुग्राम से राव इंद्रजीत सिंह का टिकट पक्का माना जा रहा है।
आलाकमान तय करेगा कुरुक्षेत्र की सीट
कुरुक्षेत्र सीट से भेजे गए पैनल में सिर्फ नायब सिंह सैनी का नाम शामिल है। ऐसे में पार्टी इस सीट पर तय करेगी कि नायब सिंह फिर से मैदान में उतरेंगे या किसी को अन्य को उम्मीदवार बनाया जा सकता है। दरअसल, कुरुक्षेत्र सीट से इंडिया गठबंधन ने आप के नेता सुशील गुप्ता को उम्मीदवान बनाया हुआ है। ऐसे में पार्टी वैश्य समुदाय के नेता पर भी चर्चा कर रही है।