उगते सूर्य को अर्घ्य प्रदान करने के साथ ही गुरुवार को चार दिवसीय सूर्य उपासना का महापर्व छठ संपन्न हो गया। चंडीगढ़ में न्यू लेक सहित शहर के कालोनियों और गांव में भी लोगों ने उत्साह के साथ महापर्व मनाया। पूजा समितियों ने व्रतियों के लिए कृत्रिम सरोवरों का निर्माण किया था। उसमें पानी भर उसे आकर्षक तरीके से सजाया गया था। इस काम के लिए व्रतियों ने आयोजकों की सराहना की।
सूर्य उपासना के महापर्व छठ पर न्यू लेक सेक्टर-42 सहित शहर के विभिन्न भागों में हजारों व्रतियों ने गुरुवार की सुबह उगते सूर्य को अर्घ्य प्रदान किया। व्रति अपने परिवार के साथ रात ढाई बजे से ही आना शुरू हो गए थे। जब तक व्रती अर्घ्य प्रदान कर वापस नहीं गए तब तक सेक्टर 41 और 42 की छोटे गोल चक्कर से 42 के मार्केट के पास तक की यातायात व्यवस्था पैदल ही रखी गई ताकि व्रतियों और उनके परिवारों को छठ घाट पर पहुंचने में परेशानी न हो।
न्यू लेक सेक्टर-42 के अलावा सेक्टर-29, सेक्टर-49, बहलाना, रायपुरखुर्द, दड़वा, मलोया, सेक्टर-47, कॉलोनी नंबर- 4, रामदरबार, हल्लोमाजरा सहित अन्य भागों में छठ पूजा का आयोजन हुआ। सेक्टर-42 की न्यू लेक 10 हजार से भी अधिक लोग पहुंचे। मेले जैसा माहौल में कई बच्चे भी गुम हुए। गुम हुए बच्चों को पूजा पंडाल में घोषणा के बाद उनके माता-पिता ले गए।
पूर्वांचल वेलफेयर एसोसिएशन और बिहार परिषद ने व्रतियों का स्वागत किया। न्यू लेक पर पूर्वांचल वेलफेयर एसोसिएशन और बिहार परिषद ने पंडाल सजाकर छठ व्रतियों का स्वागत किया। बिहार परिषद के अध्यक्ष उमा शंकर पांडेय, संगठन मंत्री सत्यम ओझा, कोषाध्यक्ष डॉ. लाल बहादुर दुबे, महासचिव अमिताभ द्विवेदी ने कहा कि छठ सफलता पूर्वक संपन्न हो गया। उन्होंने सभी सहयोगियों और प्रशासन के अधिकारी व पुलिस के जवानों और अधिकारियों का आभार व्यक्त किया।
सत्यम ओझा ने बताया कि सुबह व्रतियों को चाय, दूध और कॉफी के साथ अघरौटा का प्रसाद वितरित किया गया। पूर्वांचल वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष डीके सिंह और छठ पूजा सेवा समिति के संयोजक संजय चौबे ने एसोसिएशन के पदाधिकारियों, प्रशासन और पुलिस के अधिकारियों का सहायता के लिए आभार प्रकट किया।