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Haryana: एसटीएफ के हत्थे चढ़े लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के पांच बदमाश, गिरोह के लिए चुराते थे लग्जरी गाड़ियां

Mon, 11 Jul 2022 04:26 PM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

सभी बदमाश लारेंस बिश्नोई गिरोह के सक्रिय सदस्य हैं और गिरोह के लिए हथियारों के अलावा लग्जरी गाड़ियां और दिल्ली से लेकर हरियाणा और पंजाब तक नशे की सप्लाई करते हैं।
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एसटीएफ ने पकड़े लॉरेंस बिश्नोई गैंग के बदमाश। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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हरियाणा पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) बहादुरगढ़ की विशेष टीम ने कुख्यात लारेंस विश्नोई गिरोह के 5 कुख्यात बदमाशों को गिरफ्तार किया है। पकडे़ गए बदमाशों में  मूसेवाला हत्याकांड में गिरफ्तार टीनू भिवानी का छोटा भाई एवं दक्षिण हरियाणा में विश्नोई गिरोह का ड्रग कारोबार संभालने वाले चिराग और देश का चर्चित कार चोर मनोज बक्करवाला भी शामिल है। इनके अलावा राजस्थान के बाड़मेर का रहने वाला कुख्यात बदमाश प्रकाश बाड़मेर, अमित निवासी पिंजौर और संजय सीट कवर वाला निवासी जीरकपुर शामिल हैं। 

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एसटीएफ के एसपी सुमित कुमार ने बताया कि गिरफ्तार किए गए बदमाश लारेंस विश्नोई गिरोह के सक्रिय सदस्य हैं जो गिरोह के लिए हथियारों के अलावा लग्जरी गाड़ियों और दिल्ली, हरियाणा और पंजाब तक नशे की सप्लाई करते हैं। गिरोह के लिए अवैध वसूली भी करते हैं। बदमाशों को एसटीएफ बहादुरगढ़ इंचार्ज इंस्पेक्टर विवेक मलिक की टीम ने सोमवार एक सूचना पर बहादुरगढ़ बाईपास क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। ये बदमाश चोरी की इनोवा और स्कॉर्पियो से दिल्ली की ओर से हरियाणा में घुसे थे। 

एसपी सुमित कुमार ने बताया कि पकड़े गए सभी बदमाश लंबे समय से लारेंस विश्नोई और काला जठेड़ी गिरोह के लिए काम कर रहे थे। सभी से गहराई से पूछताछ की जा रही है ताकि इस गिरोह के बाकी बदमाशों को भी काबू किया जा सके।  मनोज बक्करवाला और बाकी अपराधी विश्नोई गैंग के कुख्यात बदमाश टीनू भिवानी के जरिये लारेंस विश्नोई और संपत नेहरा के संपर्क में आए थे। उसके बाद से ये लोग इस गिरोह के लिए काम कर रहे थे।
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मनोज की जेल में हुई टीनू से दोस्ती
एसपी के अनुसार मनोज बक्करवाला ने पूछताछ में बताया कि विश्नोई गैंग के लिए हथियार एवं ड्रग्स उपलब्ध कराते हैं। वह लग्जरी गाड़ियां चोरी करने का आदतन अपराधी भी रह चुका है और अभी तक देश के विभिन्न राज्यों से सैकड़ों लग्जरी गाड़ियां चोरी कर चुका है। वह कई बार गिरफ्तार और पुलिस को चकमा देकर फरार भी हो चुका है। उस पर दिल्ली, हरियाणा, यूपी और पंजाब समेत कई जगहों पर अनेक केस दर्ज हैं। वह अब तक करीब 10 साल तक जेल की हवा भी खा चुका है। जब वह गिरोहबंदी के एक केस में लुधियाना जेल में बंद था तो वहीं जेल में बंद विश्नोई गिरोह के बदमाश टीनू भिवानी से उसकी दोस्ती हो गई। टीनू के जरिये ही वह और उसके बाकी साथी बदमाश विश्नोई गिरोह में शामिल हुए थे।

ओएलएक्स पर चेक करता था गाड़ियों की डिटेल
एसपी सुमित कुमार के मुताबिक मनोज बक्करवाला ने पूछताछ में यह भी बताया है कि वह अपने साथी बदमाश प्रकाश चंद निवासी गडरा थाना धोरी मन्ना जिला बाड़मेर राजस्थान तथा अमित कुमार निवासी रथपूर कालोनी पिंजौर, जिला पंचकू ला और संजय निवासी जेजे कालोनी गांव बक्करवाला दिल्ली वेस्ट के साथ मिलकर अनेक आपराधिक वारदातों को अंजाम दे चुका है। वह पहले ओएलएक्स पर गाड़ियों की डिटेल चैक करता है इसके बाद परिवहन एप के नंबर से उसका इंजन और चैसिस नंबर प्राप्त करके चोरी की हुई गाड़ी का इंजन और चेसिस नंबर पंचिंग करवाने के लिए मेरठ के सोनू प्रधान उर्फ शिव नाथ वासी मेरठ को दे देता था। सोनू पंचिंग के बाद गाडिय़ों को उसे वापिस दे देता था। 

प्रयागराज से करवाता था फर्जी कागजात तैयार 
एसपी के अनुसार मनोज बक्करवाला यूपी के प्रयागराज के अपने एक साथी के सहयोग से अपनी गाड़ी के फर्जी कागजात तैयार करवा लेता था और फिर गाड़ी को मोटी रकम लेकर आगे लारेंस विश्नोई गिरोह के बदमाशों के जरिये बेच देता था। सोनू प्रधान एवं इलाहाबाद में रहने वाले उसके फर्जी कागजात तैयार करने वाले साथी की तलाश की जा रही है। जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा। 

हिमाचल प्रदेश में भी खड़ी है चोरी की गाड़ी
बकौल एसपी मनोज  ने यह भी बताया है कि चोरी की एक फारच्यूनर हिमाचल प्रदेश में उसके उसके बद्दी में किराए के फ्लैट पर भी खड़ी है। जिसके बारे में केवल वही जानता है। पुलिस उस गाड़ी को भी कब्जे में करने के लिए भागदौड़शुरू कर चुकी है। 

दूसरों के नाम से ले रखे हैं शराब के ठेके
एसपी सुमित कुमार ने कहा कि विश्नोई का साथी बदमाश टीनू भिवानी और उसके साथियों ने मिलकर भिवानी के बहल झुप्पा, सिवनी इलाकों में दूसरे लोगों के नाम से शराब के ठेके भी ले रखे हैं और टीनू का छोटा भाई चिराग उर्फ कालू उन धंधों को संभालता है। इस पूरे क्षेत्र में चरस एवं चिट्टा की सप्लाई एवं बिक्री का गौरखधंधा चिराग ही संभालता है। साथ लगते राजस्थान में शराब की अवैध तरीके से सप्लाई में भी ये लोग शामिल थे। 

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