अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुरुचि अतरेजा सिंह की अदालत ने किशोरी से दुष्कर्म करने के मामले में सुनवाई के बाद आरोपी किराएदार को दोषी करार दिया है। अदालत ने दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 71 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। जुर्माना राशि में से 50 हजार रुपये पीड़िता को देने का आदेश दिया गया है।
मूलरूप से यूपी और घटना के समय कुंडली थाना क्षेत्र निवासी व्यक्ति ने 23 सितंबर, 2021 को कुंडली थाना पुलिस को बताया था कि उनके पास 14 साल की बेटी है। उनकी बेटी कई दिन से बुखार से पीड़ित थी। वह अपनी बेटी को 20 सितंबर, 2021 को दिल्ली के नरेला स्थित सत्यवादी राजा हरिश्चंद्र अस्पताल में लेकर गए थे। वहां पर 22 सितंबर, 2021 को चिकित्सक ने उन्हें बताया कि उनकी बेटी गर्भवती है।
सूचना पर तत्कालीन एसआई शकुंतला अस्पताल में पहुंची थी। वहां पर किशोरी के पिता ने बताया था कि उनकी बेटी के साथ उनके साथ ही दूसरे कमरे में किराये पर रहने वाले मूलरूप से बिहार के औरंगाबाद निवासी ने दुष्कर्म किया था। उनकी बेटी ने बताया है कि करीब ढाई माह पहले जब वह कमरे पर अकेली थी तो आरोपी उसे धमकाकर अपने कमरे पर ले गया था। वहां पर आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया था।