साध्वी यौन शोषण मामले में राम रहीम पर 25 अगस्त को फैसला आएगा, लेकिन उससे पहले ही उन्हें एक वर्ग का साथ मिल गया, लेकिन पुलिस और सरकार की टेंशन बढ़ गई है। पंजाब हरियाणा हाईअलर्ट पर हैं। पंचकूला में डेरा समर्थक जुटने लगे हैं, जिसके चलते धारा 144 लगा दी गई है। वहीं हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल डेरामुखी के समर्थन में आ गया है। मंडल के अध्यक्ष बजरंग दास गर्ग ने बयान दिया और डेरा के सामाजिक कार्यों की सराहना की।
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डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम के नेतृत्व की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि डेराप्रेमियों ने रक्तदान, आपदा पीड़ितों की मदद, बेटियों के कल्याण के लिए कार्य किये। अब उन्हें साजिश के तहत डेरे को बदनाम किया जा रहा। उन्होंने लोगों से अपील की कि लोगों को राष्ट्र की भलाई के लिए डेरा का समर्थन करना चाहिए। जनहित के लिए कार्य करने वालों का समर्थन सदैव किया जाना चाहिए। ऐसे में हरियाणा सरकार के लिए अगस्त महीने का अंतिम सप्ताह बेहद चुनौतीपूर्ण रहने वाला है। दो अहम मामलों में न्यायालय के फैसले की घड़ी नजदीक आने से सरकार की धड़कन बढ़ी हुई है।
फैसला खिलाफ हुआ तो हालात संभालना मुश्किल होगा
डेरा प्रमुख पर अदालत के फैसले को लेकर डेरा समर्थक सक्रिय
डेरा सच्चा सौदा सिरसा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम के साध्वी यौन शोषण मामले में पंचकूला की सीबीआई अदालत अपना फैसला रिजर्व रख चुकी है। 25 अगस्त को सीबीआई की विशेष अदालत के न्यायाधीश जगदीप सिंह अपना फैसला सुनाएंगे। फैसला डेरामुखी के खिलाफ होने पर सरकार के लिए हरियाणा में हालात सामान्य बनाए रखना पहले से ही चुनौती बना हुआ है।
अर्ध सैनिक बलों की 35 कंपनियां पहुंचीं हरियाणा
डेरामुखी के मामले में 25 अगस्त को आने वाले फैसले के मद्देनजर हरियाणा को छावनी में तबदील करने के लिए केंद्र सरकार ने अर्ध सैनिक बलों की कंपनियां भेजना शुरू कर दी हैं। शुक्रवार को अर्ध सैनिक बलों की 35 कंपनियां हरियाणा पहुंच गईं। सरकार ने केंद्र से डेढ़ सौ कंपनियां कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर मांगी हुई हैं। बताया जा रहा है कि 25 अगस्त के बाद जाट आरक्षण का फैसला आने के मद्देनजर ये हरियाणा में ही डेरा डाले रखेंगी।
यहां हिंसा होने की आशंका
पंचकूला, सिरसा, अंबाला, कुरुक्षेत्र, करनाल, कैथल, हिसार, फतेहाबाद और जींद संवेदनीशल स्थान है। पुलिस के अनुसार इन स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था पर ज्यादा नजर रखी जाएगी और धारा 144 लगा दी गई है। हरियाणा पुलिस सोशल मीडिया पर अफवाहों और उग्र संदेश भेजने वालों पर नजर रख रही है। खुले में पेट्रोल बेचने पर पाबंदी लगा दी गई है। पुलिस प्रशासन की कई कमेटियां बनाई गई हैं, जोकि डेरा समर्थकों के साथ संपर्क में हैं। और डेरे के खिलाफ फैसला आने की स्थिति में बातचीत से डेरा प्रेमियों को समझाने की कोशिश करेंगी।
सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद : संधू
डीजीपी बीएस संधू ने कहा कि प्रदेश में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद है। किसी को कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी। अर्ध सैनिक बलों की कंपनियां आना शुरू हो गई हैं। इन्हें विशेष रूप से पंचकूला, सिरसा, अंबाला, कुरुक्षेत्र, करनाल, कैथल, हिसार, फतेहाबाद और जींद जिले में तैनात किया जाएगा।
लोगों ने खाद्य पदार्थों का भंडारण शुरू कर दिया
Gurmeet Ram Rahim Singh
वहीं, हालात बिगड़ने की आशंका में सिरसा सहित कई जिलों में लोगों ने खाद्य पदार्थों का भंडारण शुरू कर दिया है। गौरतलब है कि साध्वी यौन शोषण मामले में डेरा सच्चा सौदा के डेरामुखी आरोपी हैं। इस मामले में सीबीआई की विशेष अदालत 25 अगस्त फैसला सुनाएगी। आशंका है कि यदि फैसला डेरामुखी के खिलाफ जाता है तो माहौल बिगड़ सकता है। इसी आशंका के मद्देनजर शासन और प्रशासन ने सुरक्षा की तैयारियां शुरू कर दी हैं। फैसले के मद्देनजर हरियाणा को छावनी में तबदील करने के लिए केंद्र सरकार ने अर्द्धसैनिक बलों की कंपनियां भेजनी शुरू कर दी हैं।
शुक्रवार को अर्धसैनिक बलों की 35 कंपनियां हरियाणा पहुंच गईं। प्रदेश सरकार ने केंद्र से 150 कंपनियां मांगी हैं। बताया जा रहा है कि 25 अगस्त के बाद जाट आरक्षण का फैसला आने के मद्देनजर अर्धसैनिक बलों की कंपनियां हरियाणा में ही डेरा डाले रखेंगी। सुरक्षा व्यवस्था के लिए रोहतक में तैनात सभी डीएसपी को 1-1 रिजर्व पुलिस बल की कंपनी दी गई है। वह अपने क्षेत्र में कंपनी के जवानों को तैनात कर सकेंगे।
पंचकूला में जुटने लगे डेरा समर्थक
सीबीआई की विशेष अदालत पंचकूला में ही है। यही वजह है कि फैसला सुनने के लिए डेरा समर्थक दूर दराज से आकर पंचकूला में रुकने लगे हैं। पंजाब के सीमावर्ती इलाकों से भी समर्थकों के पहुंचने की शुरुआत हो चुकी है। सूत्रों के मुताबिक इनकी तादाद बढ़ सकती है, लेकिन सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम पहले किये जा चुके हैं। जिले में सोमवार तक पैरा मिलिट्री की छह-सात कंपनियों सहित हरियाणा पुलिस की तीन अतिरिक्त कंपनियां तैनात कर दी जाएंगी। पुलिस प्रशासन संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान कर, वहां अतिरिक्त तैनाती करने में जुटा है। सुरक्षा के लिहाज से धारा-144 अभी नहीं लागू की गई है।
सुरक्षा प्रबंधों पर सीएम ने ली उच्च स्तरीय बैठक
हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम के मामले में फैसला आने के मद्देनजर शुक्रवार को उच्च स्तरीय बैठक ली। बैठक में मुख्य सचिव डीएस ढेसी, डीजीपी बीएस संधू के अलावा पुलिस और प्रशासन से जुड़े आला अफसर मौजूद रहे। सीएम ने 25 अगस्त को आने वाले फैसले के संबंध में सुरक्षा प्रबंधों की समीक्षा की और अधिकारियों को उचित दिशा-निर्देश जारी किए।
कानून व्यवस्था बनाए रखने के अधिकारियों को निर्देश
21 अगस्त तक जिले में पैरा मिलिट्री की छह-सात कंपनियां तैनात कर दी जाएंगी। जबकि पुलिस की भी तीन अतिरिक्त कंपनियां मांगी गई हैं। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी अधिकारियों को निर्देश दिए जा चुके हैं और इसकी अनदेखी नहीं होने दी जाएगी।
- एएस चावला, पुलिस कमिश्नर, पंचकूला