सेवानिवृत्त आईएएस डीएस ढेसी और मुख्यमंत्री मनोहर लाल (फाइल फोटो)
हरियाणा सरकार ने बिजली नियामक आयोग के चेयरमैन दीपेंद्र सिंह ढेसी को मुख्यमंत्री का मुख्य प्रधान सचिव नियुक्त किया है। ढेसी हरियाणा सरकार से मुख्य सचिव के पद से सेवानिवृत्त होकर हरियाणा बिजली नियामक आयोग के चेयरमैन बनाए गए थे। उन्होंने आयोग से इस्तीफा देकर सीएमओ (मुख्यमंत्री कार्यालय) में एंट्री की है। ढेसी की सीएमओ में एंट्री के साथ ही अधिकारियों की प्रधान सचिव बनने को लेकर चल रही लॉबिंग धरी रह गई।
हरियाणा में ऐसा पहली बार हुआ है कि किसी सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी को मुख्यमंत्री कार्यालय में मुख्य प्रधान सचिव के पद पर नियुक्ति मिली है। इसके पीछे ढेसी की कार्यकुशलता ही है कि वे सूबे में सभी सरकारों के चहेते अफसर रहे हैं। यह हैसियत उन्होंने अपनी काबिलियत के दम पर कायम की है।
भारत सरकार में भी अपनी सेवाएं ढेसी करीब पांच साल तक दे चुके हैं। यहां वे एमएमटीसी के चेयरमैन और अतिरिक्त सचिव वाणिज्य के तौर पर अपनी सेवाएं दे चुके हैं। मुख्यमंत्री मनोहर लाल की पहले पांच साल की सरकार में करीब साढ़े चार साल तक ढेसी ने बतौर मुख्य सचिव अपनी सेवाएं दी हैं। मुख्यमंत्री के करीब रह कर काम करने का मौका मिला। जिसके चलते सरकार के काम करने की दिशा का भी ज्ञान है।