अधिकारियों के साथ मिलकर टैक्स नाकों से चोरी के वाहनों को निकालने वाले मुख्य एजेंट (पासर) रजिंदर सिंह सोढी उर्फ लवली को विजिलेंस ने बुधवार को गिरफ्तार कर लिया। विजिलेंस ने आरोपी को हरियाणा के अंबाला से गिरफ्तार किया। आरोपी के घर की तलाशी में विजिलेंस को 21 लाख रुपये की नकदी भी बरामद हुई। विजिलेंस के अनुसार आरोपी राज्य में आबकारी और कराधान अधिकारियों की मिलीभगत के साथ जीएसटी की चोरी द्वारा सरकारी खजाने को बड़ा नुकसान पहुंचाने के मामले में वांछित था।
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि इस घोटाले में 21 जुलाई को भ्रष्टाचार निवारक कानून के तहत मुकदमा दर्ज किया था। टैक्स चोरी के इस घोटाले में शामिल एजेंट और कुछ अधिकारी नाकों से चोरी-छिपे गाड़ियां निकालने और जीएसटी टैक्स से बचने के रास्ते बनाने के साथ-साथ कच्चे माल (लोहे का स्क्रैप) और तैयार माल लेकर जाने वाले वाहनों के लिए चोरी के रास्ते बनाते थे। इसके साथ ही वाहनों की चेकिंग के दौरान जुर्माने की कम रकम वसूल कर राज्य के खजाने में भी सेंध लगा रहे थे।
प्रवक्ता ने बताया कि इस मामले की जांच के दौरान आबकारी और कराधान विभाग के कुछ अधिकारियों और एजेंटों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। यह एजेंट और बिचौलिए इसके लिए विभाग के अधिकारियों को महीनावार आधार पर मोटी रिश्वत भी देते थे। पासर राजिंदर सिंह सोढी की गिरफ्तारी के बाद विजिलेंस ब्यूरो की टीम ने दोषी के घर की तलाशी ली, जिस दौरान टीम ने गवाहों की उपस्थिति में 2165241 रुपये की नकदी बरामद की है। विजिलेंस ब्यूरो ने आरोपी से और पूछताछ के लिए अदालत से 6 दिन का रिमांड भी हासिल कर लिया है।