गुजरात और हिमाचल प्रदेश में विधानसभा चुनाव संपन्न होने के बाद आम आदमी पार्टी (आप) की पंजाब सरकार ने मंत्रिमंडल में फेरबदल की तैयारी कर ली है। मान सरकार में दो मंत्रियों की छुट्टी लगभग तय मानी जा रही है। बताया जा रहा है कि आप संयोजक अरविंद केजरीवाल के निर्देश पर मंत्रियों के आठ माह के कामकाज की समीक्षा करवाई गई है, जो लगभग पूरी हो चुकी है। इससे दो मंत्रियों पर तलवार लटक गई है। मुख्यमंत्री भगवंत मान जल्द कैबिनेट में फेरबदल कर सकते हैं।
गुजरात और हिमाचल प्रदेश में ताकत झोंकने के बावजूद आम आदमी पार्टी का प्रदर्शन आशा के अनुरूप नहीं रहा। चुनाव में कई मंत्रियों को प्रचार की अहम जिम्मेदारी सौंपी गई थी लेकिन गुजरात में पार्टी महज पांच सीटों पर सिमट गई। वहीं, हिमाचल प्रदेश में आप खाता भी नहीं खोल पाई। मंत्रियों के पुराने रिकॉर्ड के अलावा इसे भी कार्रवाई का आधार बनाया जा सकता है।
मंत्रिमंडल में नए विधायकों को शामिल करने पर चर्चा हो सकती है। हालांकि इसके लिए मान ने फाइल दिल्ली स्थित हाईकमान को भेजी है। सूत्रों के मुताबिक आम आदमी पार्टी (आप) प्रमुख अरविंद केजरीवाल के निर्देश पर पंजाब में मंत्रियों के कामकाज की समीक्षा चल रही है, जिसके आधार पर दो मंत्री हाईकमान के निशाने पर हैं। मंत्रियों के विभागों में भी फेरबदल संभव है। इसके अलावा जिला उपायुक्तों और अन्य बड़े पुलिस अधिकारियों में भी फेरबदल हो सकता है। इसके लिए अधिकारियों की परफार्मेंस को आधार माना जाएगा।
सूत्र बताते हैं कि बातचीत संबंधी एक वीडियो वायरल होने के बाद विवादों में घिरे कैबिनेट मंत्री फौजा सिंह सरारी को मंत्री पद से हटाया जा सकता है। इसके अलावा मंत्री ब्रह्म शंकर जिंपा और लालजीत सिंह भुल्लर को भी परफार्मेंस के आधार पर सरकार के रडार पर बताया जा रहा है।
पंजाब कैबिनेट की बैठक आज
पंजाब सरकार ने सोमवार को कैबिनेट की बैठक बुलाई है। हालांकि सरकार की ओर से बैठक का एजेंडा जारी नहीं किया गया है। जानकारी के अनुसार कैबिनेट की बैठक में शीतकालीन सत्र को लेकर भी चर्चा संभावित है। वहीं, इसके अतिरिक्त ओल्ड पेंशन स्कीम (ओपीएस) लागू करने के मसले पर भी मंत्रिमंडल की बैठक में चर्चा हो सकती है। गौर हो कि पिछली कैबिनेट बैठक में पंजाब सरकार ने ओपीएस को लेकर नोटिफिकेशन लागू करने को हरी झंडी दी थी। सोमवार की बैठक में भी इस पर आगामी कार्रवाई हो सकती है। वहीं, कर्मचारियों से जुड़े अन्य मसलों पर भी कैबिनेट निर्णय ले सकती है।