- 8650 करोड़ रुपये का 227 किलोमीटर इस्माइलाबाद-नारनौल ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे। यह दिसंबर 2022 तक पूरा होगा।
- 1380 करोड़ रुपये की लागत से नारनौल का 6-लेन बाईपास और अटेली मंडी से नारनौल का 4-लेन मार्ग। लंबाई 41 किलोमीटर होगी। रेवाड़ी से अटेली मंडी के बीच 43 किलोमीटर की सड़क 4-लेन बनेगी। 1057 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
- गुरुग्राम-पटौदी-रेवाड़ी मार्ग 4 और 6-लेन बनेगा। 1524 करोड़ रुपये खर्च आएगा।
- 958 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला रेवाड़ी बाईपास लंबाई 14 किलोमीटर
- सोनीपत से गोहाना और गोहाना से जींद तक की सड़क की 4-लेनिंग का काम। कुल 2709 करोड़ रुपये खर्च आएगा। इस मार्ग की कुल लंबाई 80 किलोमीटर होगी।
- उत्तर प्रदेश-हरियाणा सीमा से रोहना तक 40 किलोमीटर 4-लेन मार्ग। 1509 करोड़ रुपये की लागत आएगी।
- रोहना-हसनगढ़ से झज्जर तक 35 किलोमीटर 4-लेन। 1183 करोड़ रुपये खर्चा आएगा।
- जींद से नरवाना होते हुए पंजाब सीमा तक जाने वाला 4-लेन प्रोजेक्ट। 857 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं और यह पिछले महीने पूरा हुआ है। जींद से करनाल तक 85 किलोमीटर सड़क। 200 करोड़ रुपये खर्च कर दोबारा बनाया जाएगा।
रेलवे ने रिलीज किया अपना शेयर
दुष्यंत ने बताया कि नारनौल में इंटीग्रेटेड लॉजिस्टिक हब बनाने की दिशा में सरकार तेजी के साथ कार्य कर रही है। पिछले दिनों सरकार ने इसकी समीक्षा भी की है। इसके लिए रेलवे ने अपना शेयर भी रिलीज कर दिया है।