फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Punjab News: धर्मसोत मामले में 15 पत्रकारों पर गिरेगी गाज, विजिलेंस ने सभी आरोपियों की सूची सीएम को भेजी

Thu, 23 Jun 2022 01:42 AM IST
विजय पुंडीर अमर उजाला नेटवर्क, चंडीगढ़

सार

विजिलेंस ब्यूरों ने आरोपियों की सूची उनके कारनामों समेत मुख्यमंत्री भगवंत मान को भेज दी है, जिस पर मुख्यमंत्री आवास पर चर्चा के बाद जांच के आदेश जारी किए गए हैं। इस सूची में समाचार पत्रों व टीवी चैनलों के 15 पत्रकारों के नाम भी सामने आए हैं। 
विज्ञापन
पंजाब के पूर्व मंत्री साधु सिंह धर्मसोत। - फोटो : फाइल
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पंजाब विजिलेंस ब्यूरो द्वारा रिश्वतखोरी के आरोप में गत 2 जून को गिरफ्तार किए गए मोहाली के डीएफओ गुरअमन सिंह से की गई पूछताछ में वन विभाग में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार की परतें खुलने लगी हैं। इनमें अधिकारियों-मंत्रियों के अलावा समाचार पत्रों व टीवी चैनलों के 15 पत्रकारों के नाम भी उजागर हुए हैं, जिन्होंने वन भूमि अवैध तरीके से खरीदी और वहां लगे पेड़ों को अवैध तरीके से काटकर लाखों रुपये के वारे-न्यारे कर लिए।

विज्ञापन


जानकारी के अनुसार, विजिलेंस ब्यूरों ने आरोपियों की सूची उनके कारनामों समेत मुख्यमंत्री भगवंत मान को भेज दी है, जिस पर मुख्यमंत्री आवास पर चर्चा के बाद जांच के आदेश जारी किए गए हैं। उल्लेखनीय है कि विजिलेंस ब्यूरो ने डीएफओ गुरअमन सिंह को 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए एक स्टिंग आपरेशन के आधार पर गिरफ्तार किया था। विजिलेंस द्वारा उससे की गई पूछताछ में सामने आया कि तत्कालीन वन मंत्री साधू सिंह धर्मसोत और उनके बाद कांग्रेस सरकार में वन मंत्री बने संगत सिंह गिलजियां की शह पर विभाग में जबरदस्त भ्रष्टाचार हुआ। वन विभाग की जमीनों को औने-पौने दाम पर फार्म हाउस बनाने के लिए चहेतों को दे दिया गया और जिन्हें यह जमीन मिली, उन्होंने वहां लगे खैर समेत अन्य कीमती पेड़ों को काटकर बेच दिया। विजिलेंस ने गत 8 जून को अमलोह में साधू सिंह धर्मसोत को गिरफ्तार किया था, जबकि संगत सिंह गिलजियां एफआईआर में नाम आने के बाद से फरार हैं।

विजिलेंस ने कार्रवाई के लिए सीएम से मांगी अनुमति
डीएफओ से पूछताछ में 15 पत्रकारों से नाम उजागर हुए हैं, जिन्हें करोरां, मिर्जापुर और सिसवां में वन विभाग की जमीन बांटी गई और उन्होंने इस जमीन पर लगे पेड़ काटकर बेच दिए। सूत्रों के अनुसार, विजिलेंस ब्यूरो ने इन सभी पत्रकारों के खिलाफ सबूत जुटाने शुरू कर दिए हैं। इनके खिलाफ अब तक मिले साक्ष्यों के आधार पर विजिलेंस ने आगे कार्रवाई करने के लिए मुख्यमंत्री से अनुमति मांगी है।  मुख्यमंत्री ने सभी आरोपियों की जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। विजिलेंस ब्यूरो के अधिकारियों से मिले संकेत के अनुसार, ब्यूरो अगले हफ्ते में बड़ी कार्रवाई कर सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें