दोपहर बाद मृतक आजाद सिंह का शव परिजनों को सौंपा गया, तो मामले की गंभीरता को भांपकर मृतक पूर्व सरपंच के अंतिम संस्कार के दौरान पुलिस की टीम लगाई गई। स्वयं डीएसपी अजमेर सिंह भी बेरी व गांव छोछी पहुंचकर मामले पर अपनी नजर बनाए रहे। बेरी थाना कार्यवाहक प्रभारी एसआई जोरा सिंह का कहना है कि फिलहाल इस मामले में 17 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी मामले की सच्चाई सामने आ जाएगी।
2011 में राकेश पर हुआ था हमला
मृतक आजाद के बेटे राकेश पर 2011 में गांव के ही युवकों ने हमला बोल दिया था। जिसमें गांव के युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया और धारा 307 के तहत केस चल रहा था। इसी हमले का आजाद सिंह चश्मदीद था और 17 नवंबर को गवाही होनी थी। लेकिन इससे पहले कि अदालत में पूर्व सरपंच आजाद सिंह की गवाही हो पाती, उसकी हत्या कर दी गई।
17 लोगों के खिलाफ हुआ मामला दर्ज
मृतक पूर्व सरपंच आजाद सिंह के बेटे राकेश की शिकायत पर बेरी थाने में 17 लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। कितने लोग इस मामले में शामिल हैं, इसका खुलासा जांच होने के बाद किए जाने की बात पुलिस द्वारा कही जा रही है। जिन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, उनमें संजय, प्रमोद, विनोद, आशीष, सोनू, आजाद, प्रदीप, सोनू, विकास, विशाल, अशोक, दिलबाग, परमजीत, टिटू, दीपक, अमन, बलराज प्रमुख रूप से शामिल हैं।
गांव छोछी के पूर्व सरपंच की हत्या के मामले में मृतक के बेटे की शिकायत पर गांव के ही 17 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया और मामले में हर पहलू पर जांच की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए भी प्रयास शुरू कर दिए गए हैं। जोरा सिंह, सब इंस्पेक्टर, बेरी थाना कार्यवाहक प्रभारी।