फरीदकोट पुलिस ने साल 2015 के बरगाड़ी बेअदबी मामले से जुड़ी तीन घटनाओं में वांछित डेरा सच्चा सौदा सिरसा की नेशनल कमेटी के सदस्य संदीप बरेटा, प्रदीप कलेर व हर्ष धूरी के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया है।
इन घटनाओं की पड़ताल कर रही पंजाब पुलिस की एसआईटी ने डेरा कमेटी के इन तीनों सदस्यों को नामजद किया है और आरोपियों का सुराग नहीं मिलने पर अदालत ने तीनों घटनाओं में भगोड़ा घोषित किया है।
साल 2015 में बरगाड़ी बेअदबी मामले में तीन घटनाएं सामने आईं थीं। सबसे पहले एक जून 2015 को गांव बुर्ज जवाहर सिंह वाला के गुरुद्वारा साहिब से श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का पावन स्वरूप चोरी किया गया था और बाद में 24 सितंबर 2015 को इसी गुरुद्वारा साहिब के बाहर विवादित पोस्टर लगाकर बेअदबी करने की चेतावनी दी गई। कुछ दिन बाद ही 12 अक्तूबर 2015 को बरगाड़ी में पावन स्वरूप की बेअदबी की वारदात को अंजाम दिया गया था।
इन तीनों घटनाओं की पहले सीबीआई जांच कर रही थी। सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट पर जमकर हंगामा हुआ। इसके बाद पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय के आदेश पर यह जांच पंजाब पुलिस की एसआईटी को सौंप दी गई।
तीनों घटनाओं में डेरा सच्चा सौदा सिरसा के अनुयायियों को चार्जशीट किया जा चुका है और पावन स्वरूप चोरी के मामले में भी डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम नामजद है और डेरे की नेशनल कमेटी के तीनों सदस्य ना सिर्फ बरगाड़ी केस की तीनों घटनाओं में चार्जशीट हैं बल्कि यह तीनों आरोपी मोगा के गांव मल्लके व बठिंडा जिले के गांव गुरूसर की बेअदबी की घटनाओं में भी भगोड़ा हैं। यह घटनाएं भी अक्तूबर 2015 में सामने आई थीं।