मनीमाजरा थाने की पूर्व एसएचओ जसविंदर कौर ने पांच लाख रुपये रिश्वत मामले में गुरुवार को सीबीआई अदालत में जमानत याचिका दायर की है। इस याचिका पर अदालत ने सीबीआई को नोटिस जारी कर 14 सितंबर को जवाब दायर करने को कहा है।
याचिका में जसविंदर कौर ने कहा है कि रिश्वत के मामले में झूठा फंसाया गया है। उसने न तो रिश्वत मांगी और न उससे रिकवरी हुई। उसने खुद अपनी इच्छा से 25 जुलाई को सरेंडर कर दिया था। आवाज और लिखावट के नमूने देने पर भी कोई आपत्ति नहीं जताई। वह जांच में पूरा सहयोग कर रही है और आगे भी करती रहेगी।
जेल में रहने के दौरान वह दिल की समस्या और ब्लड प्रेशर जैसी बीमारियों से जूझ रही है। ट्रायल चलने में अभी समय लगेगा। वह मामले से संबंधित किसी भी गवाह से संपर्क नहीं करेगी।
बता दें कि बीते 30 जून को जसविंदर कौर पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 120-बी (आपराधिक साजिश), 7 और 7 ए के तहत मामला दर्ज किया गया था। मनीमाजरा के रहने वाले गुरदीप सिंह ने सीबीआई को शिकायत दी थी कि जसविंदर कौर ने धोखाधड़ी के एक मामले को सुलझाने के एवज में पांच लाख रुपये रिश्वत की मांग की।
उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की धमकी भी दी। इस सूचना पर सीबीआई ने एक लाख रुपये की रिश्वत लेते बिचौलिए भगवान सिंह को गिरफ्तार कर लिया था। शिकायतकर्ता के मुताबिक यह रिश्वत जसविंदर कौर के कहने पर ली गई थी। जसविंदर कौर ने 25 जुलाई को अदालत में सरेंडर कर दिया था। जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। हालांकि, भगवान सिंह को जमानत मिल चुकी है।