केंद्रीय गृह मंत्रालय (एमएचए) ने शहर में पोस्टेड एजीएमयूटी कैडर के दो आईएएस अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से रिलीव करने के आर्डर जारी किए हैं।
एमएचए ने यूटी प्रशासक के सलाहकार केके शर्मा को पत्र भेजकर स्पष्ट किया है कि तन्वी गर्ग और रॉडने राल्टे को एमएचए ने रिलीव कर दिया है और अब प्रशासन उन्हें रिलीव करे, ताकि उन्हें नई पोस्टिंग दी जा सके।
एमएचए ने प्रशासन को भेजे कड़े पत्र में कहा है कि प्रशासन से कई बार इन अधिकारियों को रिलीव करने को कहा जा चुका है। बावजूद इसके प्रशासन उन्हें रिलीव नहीं कर रहा है। ऐेसे में एमएचए ने ही दोनों को रिलीव कर दिया है।
इससे पहले एमएचए ने इसी कैडर के आईएएस और चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड (सीएचबी) चेयरमैन सत्यगोपाल को भी रिलीव करने के आदेश जारी किए थे, लेकिन प्रशासन ने उन्हें रिलीव नहीं किया। सत्यगोपाल का तीन साल का कार्यकाल मई में खत्म हो चुका है। लेकिन, प्रशासन उन्हें रिलीव करने की जगह बार-बार उनकी एक्सटेंशन के लिए एमएचए को पत्र भेज देता है। अब एमएचए से पत्र आने के बाद प्रशासन जल्द ही सत्यगोपाल को भी रिलीव करेगा।
तन्वी गर्ग एजीएमयूटी कैडर की वर्ष-2009 की आईएएस अधिकारी हैं और चंडीगढ़ की एडीसी के साथ ही सिटको की एमडी और पर्यटन निदेशक भी हैं। वहीं सत्यगोपाल सीएचबी के सीईओ हैं। सत्यगोपाल और तन्वी गर्ग का आठ माह पहले एमएचए ने मिजोरम में तबादला कर दिया था।
उस दौरान मिजोरम में चुनाव होने के कारण दोनों अधिकारियों को एक्सटेंशन मिल गई थी। राल्टे लगभग दो साल पहले चंडीगढ़ आए थे। वह मूलरूप से मिजोरम के ही रहने वाले हैं।
तन्वी गर्ग ने वर्ष-2010 में प्रशासन में ज्वाइन किया था और उनकी पहली नियुक्ति एसडीएम (ईस्ट) के पद पर हुई थी। लगभग एक साल तक वह आईटी निदेशक के पद पर भी रहीं।