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हरियाणा रोडवेज कंडक्टर लीक कर रहे औचक निरीक्षण की गोपनीय सूचनाएं, होगी कई कार्रवाई

Wed, 29 Jan 2020 12:12 PM IST
खुशबू गोयल यशपाल शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़
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फाइल फोटो
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हरियाणा रोडवेज के कंडक्टर औचक निरीक्षण की गोपनीय सूचनाओं को व्हाट्सएप ग्रुप से लीक कर रहे हैं। प्रदेश के साथ ही अन्य राज्यों में बसों के निरीक्षण से पहले ही कंडक्टरों के पास उड़नदस्ते के छापा मारने की सूचना पहुंच जाती है। जिससे उड़नदस्ते के हाथ कुछ नहीं लगता। कंडक्टर सतर्क होकर बस में सवार सभी यात्रियों की टिकट बना देते हैं।
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ताजा वाकया राजस्थान के रीगस का है। 15 जनवरी 2020 को परिवहन मुख्यालय के निरीक्षक स्टाफ ने रोडवेज बसों में छापा मारा था। इससे पहले कि स्टाफ बसों में टिकट न काटने के मामले पकड़ता, कंडक्टरों ने एक-दूसरे को व्हाट्सएप ग्रुप पर छापे की जानकारी दे दी। गोपनीय सूचना लीक होने से निरीक्षण टीम को जहां काम करने में दिक्कत आई, वहीं गबन में संलिप्त कंडक्टरों को पकड़ने में कठिनाई का सामना करना पड़ा।

कंडक्टरों की यह होशियारी निरीक्षण स्टाफ ने परिवहन मुख्यालय के संज्ञान में ला दी है। जिस पर परिवहन निदेशक ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। व्हाट्सग्रुप पर गोपनीय सूचना लीक करने वाले कंडक्टरों की पहचान करने के निर्देश सभी डिपो महाप्रबंधकों को जारी कर दिए गए हैं। निदेशालय से भेजे गए पत्र में कहा गया है कि आरोपी कंडक्टरों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर उनके खिलाफ पुलिस में एफआईआर भी दर्ज कराई जाए।
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लाखों रुपये का हेरफेर कर रहे कंडक्टर

रोडवेज बसों में तैनात कंडक्टर हर महीने लाखों रुपये का चूना परिवहन विभाग को लगा रहे हैं। परिवहन विभाग के उच्च अधिकारियों के पास इसकी सूचना पहुंची है। इसे देखते हुए गबन में संलिप्त कंडक्टरों को पकड़ने के लिए मुख्यालय के निरीक्षण स्टाफ की डयूटी लगाई गई है। निरीक्षण स्टाफ हरियाणा के साथ ही अन्य राज्यों में जाने वाली रोडवेज बसों में औचक छापे मार रहा है। जिससे भ्रष्ट कंडक्टरों में हड़कंप मचा हुआ है।

मुख्यालय से अटैच होंगे निलंबित कंडक्टर
परिवहन निदेशक ने डिपो महाप्रबंधकों को निर्देश दिए हैं कि गोपनीय सूचनाएं लीक करने वाले कंडक्टरों को अस्थायी तौर पर मुख्यालय से अटैच किया जाए। इन्हें बिना मुख्यालय की अनुमति के सेवा में बहाल न करना सुनिश्चित करें। जिन कंडक्टरों पर कार्रवाई हो, उनका रिकार्ड भेजकर मुख्यालय को अवश्य अवगत कराया जाए। महाप्रबंधकों के साथ ही रोडवेज के नई दिल्ली में तैनात उड़नदस्ता अधिकारी को भी इन निर्देशों का कड़ाई से पालन करना होगा।
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