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HPSC का कारनामा: HCS परीक्षा में 2022 के प्रश्नपत्र से पूछे 32 सवाल, 4 में मामूली बदलाव, विपक्ष ने साधा निशाना

Thu, 25 May 2023 12:37 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

21 मई को प्रदेश के छह जिलों में परीक्षा हुई थी। सुबह और शाम दो सत्रों में 341 सेंटरों पर सुबह के सत्र में 46,400 और शाम के सत्र में 45,100 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी थी। परीक्षा के लिए कुल 93 हजार ने आवेदन किया था लेकिन दोनों परीक्षाओं में करीब 50 फीसदी हाजिरी रही थी।
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हरियाणा लोक सेवा आयोग। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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सरकारी भर्तियों में गड़बड़ी को लेकर सुर्खियों में रहने वाले हरियाणा लोक सेवा आयोग का एक और कारनामा सामने आया है। एसचीएस एलाइड की प्रारंभिक परीक्षा के दूसरे टेस्ट में सीएसएटी (सिविल सर्विसेज एप्टीट्यूट टेस्ट) में 2022 में पूछे गए 32 सवाल इस बार भी पूछे गए। इसके अलावा चार प्रश्नों में मामूली फेरबदल किया गया। 

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खास बात यह है कि इस परीक्षा में क्वालिफाई करने के लिए 33 प्रतिशत अंक ही चाहिए होते हैं। मामले का खुलासा होते ही विपक्ष ने सरकार पर हमला बोल दिया है। विपक्षी नेताओं ने इसे हरियाणा लोक सेवा आयोग (एचपीएससी) का एक और घोटाला करार देते हुए आयोग भंग करने और परीक्षा रद्द करने की मांग उठाई है।

एचसीएस-एलायड के लिए प्रारंभिक परीक्षा में दो टेस्ट होते है। पहला जनरल स्टडीज का और दूसरा सीएसएटी। दोनों परीक्षाएं ओएमआर शीट आधारित होती हैं। जिस अभ्यर्थी के सीएसएटी में 33 प्रतिशत अंक आते हैं, वह क्वालीफाई करता है। इसके बाद उसकी पहली परीक्षा की कॉपी जांची जाती है और पहली परीक्षा के नंबरों से ही मेरिट बनती है। इसके बाद मुख्य परीक्षा होती है और बाद में अंतिम साक्षात्कार होता है। जिस अभ्यर्थी के दूसरे टेस्ट में 33 प्रतिशत अंक नहीं आते उसकी पहली परीक्षा की कॉपी चेक नहीं होती।

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एचसीएस-एलाइड सर्विसेज के सौ पदों के लिए 21 मई को प्रदेश के छह जिलों में परीक्षा हुई थी। सुबह और शाम दो सत्रों में 341 सेंटरों पर सुबह के सत्र में 46,400 और शाम के सत्र में 45,100 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी थी। परीक्षा के लिए कुल 93 हजार ने आवेदन किया था लेकिन दोनों परीक्षाओं में करीब 50 फीसदी हाजिरी रही थी।

कई बार एचसीएस की परीक्षा दे चुकी श्वेता ढुल का आरोप है कि यह सब अपने चेहतों को पास कराने के लिए किया गया है और यह पेपर लीक का मामला है। राज्य सरकार को इस मामले में आयोग और पेपर सेट करने वाले के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। अभ्यर्थी अंकुर व अन्य ने एचपीएससी को इस मामले की शिकायत देकर संज्ञान लेने की अपील की है।


परीक्षा में पूछे गए एक जैसे प्रश्न

2023 में प्रश्न संख्या    2022 में प्रश्न संख्या
20                         74

14                         02

15                         04

16                         05

17                         79

18                         80

21                         73

47                         46

48                         48

56                         29

57                         30

58                         12

60                         13

61                         50

62                         51

63                         52

64                         53

65                         54

66                         55

67                         56

68                         16

69                         18

70                         19

71                         20

72                         21

73                         68

74                         69

75                         70

76                         71

77                         72

60                         13

80                         15

2021 में एचसीएस परीक्षा में सामने आया था बड़ा फर्जीवाड़ा
नवंबर 2021 में एचपीएससी की एचसीएस की प्रारंभिक परीक्षा और डेंटल सर्जन परीक्षा में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया था। इस मामले में विजिलेंस ने लाखों रुपये की रिश्वत के साथ एचपीएससी के उप सचिव अनिल नागर समेत दो दलालों को गिरफ्तार किया था। आरोपियों ने लाखों रुपये लेकर अभ्यर्थियों की ओएमआर सीट में अंकों में फेरबदल किया था। बाद में आयोग ने इन दोनों भर्तियों को रद्द कर दिया था और दोबारा परीक्षाएं कराई थीं। सरकार ने नागर को बर्खास्त कर दिया था। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने नागर की विधानसभा में व्हाट्सएप चैट पढ़ी थी।

ये बहुत गंभीर बात है। हरियाणा की यह सबसे बड़ी परीक्षा होती है और इतनी संख्या में प्रश्न पिछले साल के प्रश्नपत्र से आना सामान्य बात नहीं है। एचपीएससी परीक्षाओं को लेकर बिलकुल गंभीर नहीं है। इस मामले की जांच होनी चाहिए और आयोग को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। इससे पहले भी नौकरियों को लेकर बड़ा फर्जीवाड़ा पकड़ा जा चुका है। बीबी बतरा, विधायक कांग्रेस, पूर्व चेयरमैन एचपीएससी।

आयोग फर्जीवाड़े के चलते अपनी विश्वसनीयता खो चुका है, इसे तुरंत प्रभाव से भंग किया जाना चाहिए। साथ ही इस परीक्षा को रद्द किया जाए। जहां कटऑफ दो अंकों तक के फ्रैक्शन में रहती हो, वहां 32 प्रश्न लीक होने का अर्थ है पूरी प्रक्रिया का कलंकित हो जाना। आयोग को बर्खास्त करके पूरे घोटाले की उच्च न्यायालय के किसी सिटिंग जज से जांच करवाई जाए। रणदीप सुरजेवाला, राज्यसभा सदस्य व राष्ट्रीय महासचिव कांग्रेस।
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परीक्षा में 32 सवाल पुरानी परीक्षा के डालना घोटाले की ओर इशारा कर रहे हैं। यह शक इसलिए अधिक बढ़ जाता है क्योंकि आयोग में पहले भी कई गड़बड़ियां सामने आ चुकी हैं। चेहतों को लाभ पहुंचाने का मामला है। इसकी जांच के लिए सीएम और मुख्य सचिव को पत्र लिखा है। बलराज कुंडू, निर्दलीय विधायक, महम।

पेपर तैयार करना, छपवाना तमाम कार्य गोपनीय होता है। आयोग पेपर नहीं देखता है। हां, यह सही है कि पिछले साल की परीक्षा के प्रश्न इस बार भी आए हैं। पूरा मामला आयोग के संज्ञान में है। अभी इसको लेकर कोई फैसला नहीं लिया गया है। पिछले साल की परीक्षा के कितने प्रश्न अगली में आ सकते हैं, इसको लेकर कोई नियम तय नहीं है। मुकेश आहूजा, सचिव, एचपीएससी।
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