फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Haryana: उम्मीदवार लिस्ट जारी न होने पर बोले भूपेंद्र हुड्डा, हमारे पास दावेदारों की लंबी फेहरिस्त, एलान जल्द

Tue, 23 Apr 2024 12:30 PM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

गुटबाजी के चलते हरियाणा में प्रत्याशियों की सूची तय नहीं कर पाने को लेकर कांग्रेस पार्टी से जहां कार्यकर्ताओं का मनोबल टूट रहा है, वहीं विपक्षी दल इसे मुद्दा बनाने में जुट गए हैं। भाजपा, इनेलो और जजपा तीनों ही दल इस बात को लेकर निशाने पर ले रहे हैं।
विज्ञापन
भूपेंद्र हुड्डा - फोटो : twitter @BhupinderShooda
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री व नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कांग्रेस उम्मीदवारों की लिस्ट का एलान न होने पर जवाब दिया है। हुड्डा ने कहा कि भाजपा के पास हरियाणा में चुनाव लड़ने के लिए अपने उम्मीदवार तक नहीं थे। कांग्रेस व अन्य दलों से आने वाले लोगों को पार्टी में शामिल करके हाथों-हाथ टिकट थमा दिए, लेकिन कांग्रेस के पास पूरे हरियाणा में टिकटों के मजबूत दावेदारों की लंबी फेहरिस्त है। सभी नामों पर चर्चा करने में निश्चित ही समय लगता है। लेकिन सभी सीटों पर नाम लगभग फाइनल हो चुके हैं। हाईकमान द्वारा कभी भी नामों की सूची जारी की जा सकती है।
विज्ञापन


हुड्डा ने कहा कि साउथ में साफ और नॉर्थ में हाफ, आज की तारीख में भाजपा की यही स्थिति है। भाजपा का 400 पार वाला नारा पूरी तरह फुस्स साबित होने वाला है। उन्होंने कहा कि पूरे देश की तरह हरियाणा में भी कांग्रेस पूरी मजबूती के साथ लड़ाई लड़ रही है। जो चुनावी विश्लेषक कुछ दिन पहले भाजपा को 8 से 9 सीटें दे रहे थे, आज वही लोग भाजपा को 8 से 9 सीटों पर हारता हुआ दिखा रहे हैं। 

तमाम चुनावी सर्वे बता रहे हैं कि कांग्रेस का ग्राफ बढ़ रहा है और भाजपा का ग्राफ गिरता जा रहा है। वोटिंग की तारीख आते-आते स्पष्ट हो जाएगा कि हरियाणा में कांग्रेस एकतरफा जीत रही है।
विज्ञापन


हुड्डा ने कहा कि लोकसभा चुनाव के नतीजे से हरियाणा में कांग्रेस सरकार बनने की नींव भी पड़ जाएगी। क्योंकि भाजपा सरकार से हर वर्ग दुखी है। आज बेरोजगार युवा सड़कों पर बरात निकालकर प्रदर्शन कर रहे हैं, एमएसपी नहीं मिलने से नाराज किसान मंडियों में परेशान बैठे हैं और घटती आमदनी से मजदूर, कामगार व मध्यम वर्ग हताश हो चुका है।
विज्ञापन

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें