भाजपा-हजकां गठबंधन के मामले में हरियाणा भाजपा नेताओं ने डिप्लोमेटिक चाल चली है। कल तक जो नेता गठबंधन के लिए किसी तरीके से राजी नहीं थे, आज उन्होंने गेंद हजकां सुप्रीमो कुलदीप के पाले में डाल दी है। नई रणनीति के तहत भाजपा ने भाजपा-हजकां को-ऑर्डिनेशन कमेटी की बैठक बुलाने की बात कही है।
पिछले दिनों पार्टी के नीचे से ऊपर तक के कार्यकर्ताओं ने अपना मत केंद्रीय पर्यवेक्षकों के समक्ष रख दिया है। पर्यवेक्षकों ने यह राय दी है कि जो समझौता पहले हुआ था, बदली हुई परिस्थतियों में वह मान्य नहीं होगा।
अब भाजपा यह शर्त रखने जा रही है कि अगर कुलदीप बिश्नोई 45 सीटों से कम और मुख्यमंत्री का पद छोड़ने के लिए तैयार हैं तो वे भाजपा-हजकां को-ऑर्डिनेशन कमेटी की बैठक बुलाएं, क्योंकि को-ऑर्डिनेशन कमेटी के चेयरमैन हजकां नेता धर्मपाल सिंह मलिक हैं।
उन्हें बैठक बुलानी चाहिए। जिससे भाजपा नेता केंद्रीय नेतृत्व को यह बता सकें कि उनकी इस संदर्भ में क्या राय है। अब भाजपा नेताओं के सुर बदल गए हैं। उनका कहना है कि हम गठबंधन तोड़ना नहीं बल्कि शर्तों में बदलाव चाहते हैं। अगर कुलदीप राजी हों तो ठीक नहीं तो वह अपनी राह हम अपनी राह।
यदि कुलदीप बिश्नोई गठबंधन चाहते हैं तो वे पार्लियामेंट्री बोर्ड की बैठक बुलाएं और प्रदेश स्तर पर इस बात पर चर्चा करें। जिससे हम अपने केंद्रीय नेतृत्व को यह जानकारी दे सकें।
-अनिल विज, नेता भाजपा विधायक दल