5 लाख से कम आबादी वाले शहरों को जेड श्रेणी में कवर किया गया है। इन शहरों में तैनात कर्मियों को 8 प्रतिशत या न्यूनतम 1800 रुपये मकान किराया भत्ता प्रतिमाह मिलेगा। संशोधित मकान किराया भत्ता हरियाणा सिविल सर्विसेज (सरकारी कर्मचारियों को भत्ता) नियम, 2016 के प्रावधानों के तहत देय होगा। ट्राइसिटी चंडीगढ़, पंचकूला और मोहाली को एक यूनिट माना जाएगा। इन्हें वाई श्रेणी में रखा गया है।
एचआरए की नई दरें कर्मचारियों के बेसिक पे पर लागू होंगी। इसके साथ ही पचास लाख से अधिक आबादी के स्लैब में हरियाणा का कोई शहर आता ही नहीं। इसलिए 24 प्रतिशत वाले नए स्लैब का लाभ हरियाणा के किसी भी कर्मचारी को नहीं मिलेगा। गौरतलब है कि छठे वेतन आयोग की सिफारिशों अनुसार वर्ष 2009 में सरकार ने कर्मचारियों का एचआरए दस, बीस और तीस प्रतिशत के स्लैब में बढ़ाया गया था।
इस तरह से होगा कर्मचारियों को लाभ:
. द्वितीय श्रेणी के किसी कर्मचारी को अब तक 1815 रुपये एचआरए प्रतिमाह मिल रहा था तो अब 8 प्रतिशत की दर से 3808 रुपये और 16 प्रतिशत की दर से 3630 की जगह 7696 रुपये मिलेंगे।
. तृतीय श्रेणी के कर्मचारी को 1065 रुपये एचआरए मिल रहा था, उसे अब 2295 रुपये 8 प्रतिशत की दर से मिलेंगे।
. चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी को अभी 610 रुपये एचआरए मिल रहा था, आठ प्रतिशत की दर से उन्हें 1800 रुपये संशोधित एचआरए मिलेगा।