मुख्यमंत्री ने कहा कि बेतहाशा बढ़ रही कृषि लागतें और राज्य के किसानों को अपनी ऊपज के मिल रहे बहुत कम भाव के कारण वह पहले ही कर्ज के बोझ तले दबे हुए हैं। उन्होंने कहा कि देश को अनाज उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने वाले पंजाबी किसानों के साथ विचार-विमर्श के बाद ही एमएसपी तय करने की जरूरत है, जिससे किसानों को कृषि संकट में से निकाला जा सके। भगवंत मान ने कहा कि केंद्र सरकार को समय की मांग को समझना चाहिए कि पंजाबी किसानों को इस समिति में ज़रूर शामिल किया जाए, जिससे उनके हितों की रक्षा हो सके।
दूसरे दिन भी राघव चड्ढा ने जताया विरोध
पंजाब से राज्यसभा सांसद और आप के वरिष्ठ नेता राघव चड्ढा का केंद्र की एमएसपी कमेटी के खिलाफ विरोध दूसरे दिन भी जारी रहा। उन्होंने बुधवार को भी संसद में कमेटी के सस्पेंशन नोटिस दाखिल किया। उन्होंने पत्र के जरिए कहा कि केंद्र सरकार को नई निष्पक्ष कमेटी बनानी चाहिए, जिससे पंजाब को उसका हक मिल सके।