चंडीगढ़ जिला अदालत ने नशा तस्करी के आरोप में पकड़े गए नाइजीरियन को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया। बरी होने वाले व्यक्ति की पहचान नाइजीरिया स्थित लागोस के रहने वाले जोहन कोलगभग (32) के रूप में हुई है।
मामले में करीब चार साल पहले जून 2019 में सेक्टर-31 थाना पुलिस ने बरी हुए विदेशी नागरिक के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धाराओं के तहत केस दर्ज कर गिरफ्तार किया था। आरोपों के तहत विदेशी नागरिक के पास से पुलिस ने 267 ग्राम हेरोइन बरामद होने का दावा किया था। गिरफ्तारी के बाद से वह बुड़ैल जेल में बंद था, जिसे अदालत के फैसले के बाद मामले में आरोप मुक्त कर दिया गया है।
बरी हुए नाइजीरियन का केस लड़ने वाले वकील अंकुर चौधरी ने बताया कि पुलिस के बयानों में भी मतभेद था। लिस ने जो आरोप जोहन पर लगाए थे वह अदालत में साबित नहीं हुए। जिस पर अदालत ने जोहन को बरी कर दिया।
क्या है मामला..
दर्ज मुकदमे के अनुसार 19 जून 2019 को सेक्टर-31 थाना पुलिस टीम एरिया में गश्त कर रही थी। रात करीब 9.30 बजे पुलिस टीम इंडस्ट्रियल एरिया फेज-2 स्थित बीएसएनएल टर्न प्वाइंट पर पहुंची तभी सामने से एक विदेशी मूल का व्यक्ति पैदल आ रहा था। सामने पुलिस को देखकर उसने अपना रास्ता बदल लिया। पुलिस को उसपर शक हुआ और उसे रोककर उससे पूछताछ करने लगे। तभी उसने अपनी पेंट की जेब से एक लिफाफा निकाला और उसे फेंकने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसे काबू कर लिया। लिफाफे की तलाशी ली गई तो उसमें से 267 हेरोइन बरामद हुई। आरोपित ने अपना नाम जोहन बताया जो मूल रूप से नाइजीरिया का रहने वाला है, लेकिन अभी दिल्ली के छत्तपुर में रहता है।