बैठक में पीजीआई के निदेशक डॉ. जगतराम भी उपस्थित रहे। उन्होंने बताया कि पीजीआई में 232 कोरोना वायरस के गंभीर मरीज भर्ती हैं। इनमें से 37 चंडीगढ़, 112 पंजाब, 39 हरियाणा, 28 हिमाचल प्रदेश और 16 अन्य राज्यों से संबंध रखते हैं। प्रो. जगतराम ने बताया कि पीजीआई द्वारा चंडीगढ़ में लिए गए कोरोना के नमूनों की संक्रमण दर 6.15 प्रतिशत है, जबकि अन्य राज्यों से एकत्रित किए गए नमूनों की संक्रमण दर 9.87 प्रतिशत है। बताया कि पीजीआई में अभी ब्लैक फंगस के 135 मरीज भर्ती हैं। प्रशासक ने आदेश दिए कि शहर में कोरोना वायरस के संक्रमण का पता लगाने के लिए जल्द सीरो सर्वे शुरू किया जाए। उन्होंने ऑक्सीजन के प्लांट को भी जल्द से जल्द लगाने के आदेश दिए।
डॉक्टरों के मन में न हो डर, अस्पतालों को दी जाए पुलिस सुरक्षा
स्वास्थ्य विभाग की निदेशक डॉ. अमनदीप कंग ने बताया कि उनके द्वारा बीते दिनों में कोरोना जांच के लिए 20812 नमूने एकत्रित किए गए, जिसमें से 1433 पॉजिटिव पाए गए हैं। संक्रमण दर 6.8 प्रतिशत मिली। डॉ. कंग ने बताया कि शहर में रिकवरी रेट 95.2 प्रतिशत है। अब तक 343300 लोगों को वैक्सीन लगाई जा चुकी है।
प्रशासक ने निर्देश दिया कि सेक्टर-45 के अस्पताल को कोविड से पीड़ित बच्चों के लिए विशेष बाल चिकित्सा अस्पताल में परिवर्तित किया जाए। उन्होंने डीजीपी संजय बेनीवाल को आदेश दिए कि शहर के सभी चिकित्सा संस्थानों में पुलिस सुरक्षा मौजूद रहे ताकि किसी भी डॉक्टर व चिकित्सा कर्मचारी के मन में कोई डर न हो। बदनौर ने खाद्य व आपूर्ति विभाग के सचिव विनोद पी कावले को आदेश दिया कि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत बांटे जा रहे राशन में सोशल डिस्टेंसिंग का खास ध्यान रखा जाए।