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80 से ज्यादा पदक जीतने वाली देश की सबसे बुजुर्ग एथलीट मान कौर का निधन

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चंडीगढ़। देश की सबसे बुजुर्ग एथलीट मान कौर (105) शनिवार को सबको रुलाकर दुनिया से चली गईं। डेराबस्सी के एक आयुर्वेदिक अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली। इसी साल उन्हें पता चला था कि वह गॉल ब्लैडर के कैंसर से पीड़ित हैं। कई दिनों से वह अपने मर्ज पर भारी पड़ रही थीं और पूरा देश उनके लिए दुआएं कर रहा था, लेकिन शायद ऊपर वाले को कुछ और ही मंजूर था।
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पिछले कुछ दिनों से डेराबस्सी के पास देवी नगर स्थित शुद्धि आयुर्वेद अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। धीरे-धीरे उनकी सेहत में सुधार भी दिख रहा था लेकिन शनिवार दोपहर अचानक 12.45 बजे उनकी तबीयत खराब हो गई। पहले उल्टी हुई और कुछ देर बाद दोपहर करीब एक बजे उनका देहांत हो गया। उनका पार्थिव शरीर सेक्टर-40 स्थित उनकी बेटी के निवास पर रखा गया है। रविवार सुबह 11 बजे उनका अंतिम संस्कार सेक्टर-25 स्थित इलेक्ट्रिक शवदाह गृह में किया जाएगा।
उनके बेटे गुरदेव सिंह ने बताया कि जून के महीने में मान कौर को पेट में दर्द की शिकायत हुई थी। जांच कराने पर गॉल ब्लैडर में कैंसर की पुष्टि हुई थी। उसके बाद उन्हें पीजीआई में दिखाया गया, लेकिन उम्र ज्यादा होने की वजह से परिजनों ने कीमोथैरेपी कराने से मना कर दिया था। परिजन उन्हें मध्य प्रदेश के एक आयुर्वेदिक अस्पताल में भी लेकर गए। उसके बाद भी उनकी तबीयत में सुधार नहीं हुआ।
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90 की उम्र में शुरू किया कॅरिअर, 15 वर्षों में जीते 80 से ज्यादा मेडल
मान कौर के बेटे गुरदेव सिंह वेटरन एथलीट में हिस्सा लेते थे। वह रोजाना पंजाब यूनिवर्सिटी के एथलेटिक्स ग्राउंड पर दौड़ने जाते थे। वर्ष 2009 में जब मान कौर 93 की उम्र के आसपास थीं तो उन्होंने अपने बेटे के साथ पीयू के ग्राउंड में दौड़ लगानी शुरू की। रोजाना सुबह और शाम वह रुटीन में दौड़ने लगीं। मां के जुनून व लगन को देखकर गुरदेव सिंह ने वेटरन एथलेटिक्स चैंपियनशिप में हिस्सा लेने के लिए उन्हें प्रोत्साहित किया। उसके बाद वह चैंपियनशिप में भाग लेने लगीं और फिर पीछे मुड़कर नहीं देखा। उन्होंने 15 वर्षों में 80 से ज्यादा मेडल अपने नाम किए थे।
राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री भी थे मान कौर की सेहत के कायल
वेटरन एथलीट बीबी मान कौर चंडीगढ़ ही नहीं पूरे देश का मान और सम्मान थीं। देश और विदेशों मे कोविड काल से पहले तक लगातार मेडल जीतकर तिरंगे की शान को बढ़ाती रहीं। उनकी उपलब्धियों को देखते हुए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने पिछले साल महिला दिवस (आठ मार्च, 2020) उन्हें नारी शक्ति पुरस्कार से समानित किया था। राष्ट्रपति भवन में सम्मान लेने से पहले उन्होंने जो दौड़ लगाई, उसे देखकर सब चकित रह गए थे। समारोह के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने आवास पर मान कौर से मिले। इस मुलाकात के दौरान प्रधानमंत्री अपने दोनों हाथ जोड़कर मान कौर के सामने नतमस्तक हो गए थे।
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