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SC,ST छात्रों को इग्नू में मिलेगा मुफ्त दाखिला

Tue, 29 Mar 2016 05:16 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
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इग्नू लोगो - फोटो : logo
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इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय(इग्नू) में नए सत्र 2016-17 से सभी एससी व एसटी वर्ग के छात्रों को अंडर ग्रेजुएट कोर्सेज में मुफ्त दाखिला दिया जाएगा। इसके साथ ही जुलाई 2015 में हुए ऐसे छात्रों के दाखिलों की फीस भी इग्नू वापस करने जा रहा है। दून पहुंचे इग्नू के कार्यवाहक कुलपति प्रो. नागेश्वर राव ने यह जानकारी दी।
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बुधवार को इग्नू के क्षेत्रीय केंद्र पर क्षेत्रीय निदेशक डा. आशा शर्मा और उप निदेशक डा. एके डिमरी ने प्रो. नागेश्वर का स्वागत किया। इस मौके पर मीडिया से बातचीत में प्रो. राव ने बताया कि नए सत्र से सभी यूजी कोर्सेज में मुफ्त दाखिला दिया जाएगा। 

एससी, एसटी छात्रों को केवल परीक्षा शुल्क जैसे मामूली खर्च पर डिग्री करने का मौका मिलने जा रहा है। उन्होंने बताया कि इग्नू के कुल सात लाख छात्रों में से करीब एक लाख एससी, एसटी छात्रों को इससे बड़ा लाभ होगा। उत्तराखंड में इस समुदाय के काफी संख्या में छात्र होने के नाते फीस माफी का यह फैसला अहम साबित होगा। 
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किसानों के लिए एग्रीकल्टर कोर्स की योजना
दूसरी ओर, इग्नू ने कृषि प्रधान देश के किसानों के लिए एग्रीकल्चर का डिग्री कोर्स शुरू करने की योजना बनाई है। इस पर काम चल रहा है। प्रो. राव ने बताया कि जल्द ही इस पर कोई फैसला लिया जाएगा।

स्किल आधारित कोर्सेज पर फोकस
प्रो. नागेश्वर राव ने बताया कि उनका फोकस इस वक्त स्किल आधारित कोर्सेज पर है। इस संबंध में मिनिस्ट्री ऑफ स्किल डेवलपमेंट से वार्ता चल रही है। हाउसिंग मिनिस्ट्री से बात होने के बाद कुछ सर्टिफिकेट कोर्स तैयार किए जा रहे हैं। 

पर्यटन मंत्रालय के साथ मिलकर भी कोर्सेज डिजाइन किए जा रहे हैं। फुटवियर एंड लैदर से जुड़े कोर्सेज भी दोबारा शुरू किए जा रहे हैं। इसके अलावा हीरो होंडा के साथ मिलकर भी कोर्स शुरू करने की तैयारी चल रही है।

मूक से आएगी दूरस्थ शिक्षा में क्रांति
इग्नू के कुलपति प्रो. नागेश्वर राव ने बताया कि मैसिव ओपेन ऑनलाइन कोर्स(मूक) से दूरस्थ शिक्षा में नई क्रांति आएगी। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार खुद इस मामले में दिशा निर्देश बना रही है। 

इसके लिए यूजीसी को पीजी कोर्सेज की, सीईसी को यूजी कोर्सेज की, इग्नू को डिप्लोमा व सर्टिफिकेट कोर्सेज तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई है। मूक एक ऑनलाइन कोर्स प्रणाली है। इसके लागू होने के बाद दूरस्थ शिक्षा वाले छात्रों को अध्ययन करने में काफी आसानी हो जाएगी। 

खुल सकती है पीएचडी की राह
इग्नू में दो साल से पीएचडी पर पाबंदी लगी हुई है। उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालयों सहित सभी मुक्त शिक्षण संस्थानों में यूजीसी ने पीएचडी की वैधानिकता न होने के चलते रोक लगाई हुई है। 
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