फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Petrol Diesel Price: आपको अपने पैसे पर सिर्फ 50 फीसदी ईंधन मिलता है, बाकी कर हैं, इस रिपोर्ट में जानें पूरा हिसाब

Sun, 07 Nov 2021 10:22 PM IST
मुकेश कुमार झा बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में पेट्रोल पर कुल कर घटकर 50 प्रतिशत और डीजल पर 40 प्रतिशत हो गया है। वहीं उन राज्यों में वाहन ईंधन पर कर और कम हो गया है, जिन्होंने उत्पाद शुल्क कटौती के बाद वैट या बिक्री कर घटाया है। हालांकि, दिल्ली सरकार ने अभी तक वैट कम नहीं किया है। 
विज्ञापन
पेट्रोल-डीजल की कीमत - फोटो : पीटीआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पिछले दिनों केंद्र सरकार की घोषणा के बाद 24 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने अलग-अलग अनुपात में वैट दरों में कटौती करते हुए लोगों को और राहत दी है। इसके बाद राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में पेट्रोल पर कुल कर घटकर 50 प्रतिशत और डीजल पर 40 प्रतिशत रह गया है। वहीं उन राज्यों में वाहन ईंधन पर कर और कम हो गया है, जिन्होंने उत्पाद शुल्क कटौती के बाद वैट या बिक्री कर घटाया है। हालांकि, दिल्ली सरकार ने अभी तक वैट कम नहीं किया है। 

विज्ञापन


दिल्ली में पेट्रोल पर टैक्स घटकर हुआ 50 प्रतिशत
सार्वजनिक क्षेत्र की पेट्रोलियम कंपनियों से उपलब्ध ईंधन की मूल्य संरचना के अनुसार, शुल्क में कटौती से पहले एक नवंबर को दिल्ली में केंद्रीय उत्पाद शुल्क 32.90 रुपये प्रति लीटर और वैट 30 प्रतिशत था, जो पेट्रोल के खुदरा बिक्री मूल्य का 54 प्रतिशत बैठता है। यह उत्पाद शुल्क में पांच रुपये प्रति लीटर की कमी के बाद दिल्ली में घटकर 50 प्रतिशत रह गया है। पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतें तेल की मूल कीमतों में केंद्रीय उत्पाद शुल्क, डीलरों को दिया जाने वाला कमीशन और वैट को जोड़ने के बाद तय की जाती हैं। तेल की मूल कीमत में मौजूदा अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क दर और माल ढुलाई भाड़ा आता है।

पेट्रोल पर कहां कितना वैट
दिल्ली में डीजल पर केंद्रीय उत्पाद शुल्क 31.80 रुपये प्रति लीटर, वैट 16.75 प्रतिशत और प्रति किलोलीटर 250 रुपये का हवाई परिवेश शुल्क लगता है, जिससे कुल मिलाकर कर 48 प्रतिशत तक पहुंच गया था। यह उत्पाद शुल्क में 10 रुपये प्रति लीटर की कटौती के बाद दिल्ली में घटकर 40 प्रतिशत पर आ गया है। अगर वैट में कटौती की जाती है, तो कीमतें और नीचे आएंगी। वहीं, पेट्रोल की मूल कीमत चेन्नई में 52.01 रुपये प्रति लीटर और लद्दाख में 59.89 रुपये प्रति लीटर के बीच है। इसके ऊपर केंद्र सरकार 27.90 रुपये का उत्पाद शुल्क लेती है, जिसका भुगतान कारखाना गेट (इस मामले में रिफाइनरी) पर किया जाता है। इसके बाद राज्य सरकारें स्थानीय बिक्री कर या वैट की अलग-अलग दरें लगाती हैं। राजस्थान में पेट्रोल पर सबसे अधिक 30.51 रुपये प्रति लीटर का वैट लागू है। इसके बाद महाराष्ट्र में 29.99 रुपये, आंध्र प्रदेश (29.02 रुपये) और मध्य प्रदेश (26.87 रुपये) का नंबर आता है। अंडमान और निकोबार में सबसे कम 4.93 रुपये प्रति लीटर का वैट लगता है।
विज्ञापन


डीजल पर सबसे अधिक वैट आंध्र प्रदेश में
इसी तरह डीजल की मूल कीमत चेन्नई में 52.13 रुपये प्रति लीटर से लेकर लद्दाख में 59.57 रुपये प्रति लीटर तक है। इसके ऊपर केंद्र सरकार 21.80 रुपये का उत्पाद शुल्क लेती है। सबसे अधिक वैट 21.19 रुपये प्रति लीटर आंध्र प्रदेश में लागू है। उसके बाद राजस्थान में 21.14 रुपये और महाराष्ट्र में 20.21 रुपये प्रति लीटर का वैट लगाया जा रहा है। हिमाचल प्रदेश सबसे कम 4.40 रुपये प्रति लीटर और अंडमान और निकोबार 4.58 रुपये वैट लेता है। पेट्रोल पंप डीलरों को पेट्रोल पर 3.85 रुपये प्रति लीटर और डीजल पर 2.58 रुपये प्रति लीटर का कमीशन दिया जाता है। बता दें कि पिछले हफ्ते देशभर में पेट्रोल की कीमत में 5.7 रुपये से 6.35 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमतों में 11.16 रुपये से 12.88 रुपये की कमी आई है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें