अपने भविष्य की जरूरतों को पूरा करने के लिए लगभग सभी लोग निवेश की योजना बनाते हैं और छोटा या बड़ा निवेश शुरू कर देते हैँ। हालांकि, सभी निवेशक एक लक्ष्य के तहत निवेश शुरू करते हैं लेकिन यह काफी नहीं है। वित्तीय विशेषज्ञों की मानें तो सिर्फ लक्ष्य निर्धारित करने से मुकाम हासिल नहीं होता, बल्कि उसके लिए जरूरत होती एक अच्छी योजना तैयार करने की। कुछ गलतियों से बचकर निवेशक नुकसान से बच सकते हैं। ऐसे में इन पांच खास गलतियों से बचकर आप अच्छा निवेश कर सकते हैं।
1. भावनात्मक रूप से फैसला लेने से बचें
आमतौर पर देखा जाता है कि कई निेवेशक अपने निवेश के फैसले भावनात्मक रूप से लेते हैं। लेकिन विशेषज्ञों की राय है कि लालच और भय दोनों निवेश के लिहाज से बेहद खराब हैं। हमेशा छोटे समय के उतार-चढ़ाव पर प्रतिक्रिया न करें। लंबे समय में जो निवेशक अल्पकालिक गति पर प्रतिक्रिया नहीं करते हैं, वे भावनात्मक निवेशक की तुलना में अधिक पैसा प्राप्त करते हैं।
2. अति आत्मविश्वास की भावना पड़ेगी भारी
वित्तीय विशेषज्ञों के अनुसार, जब निवेशक को यह लगता है कि उसका निर्णय दूसरों की तुलना में काफी बेहतर है और किसी को भी उनके निर्णय पर सवाल नहीं उठाना चाहिए, तो इसका अर्थ है कि वे अति आत्मविश्वास से भरे हुए हैं। लेकिन निवेश के लिहाज से पूर्वाग्रह से ग्रस्त निर्णय हानिकारक साबित हो सकता है।
3. एक साथ कई जगह निवेश न करें
बहुत से लोग एक साथ कई बीमा पॉलिसी/ म्यूचुअल फंड/ स्टॉक्स खरीद लेते हैं। ऐसा वह यह सोचकर करते हैं कि वे कई उत्पादों में विविधता लाकर पोर्टफोलियो में जोखिम कम कर रहे हैं, लेकिन ध्यान रहे कि पोर्टफोलियो में विविधीकरण रिटर्न को कम करता है। इसके साथ ही एक बार में आपके पोर्टफोलियो को ट्रैक करना मुश्किल हो जाता है। इसलिए वित्तीय लक्ष्य को हासिल करने के लिए हमेशा सोच-समझ कर ही निवेश करें और एक साथ कई जगह पर निवेश से बचें।
4. ज्यादा रिटर्न पाने के लालच से बचें
आमतौर पर देखा जाता है कि नए निवेशक जब शेयर बाजार में निवेश करते हैं तो उनका कोई शेयर काफी कम समय में दोगुना हो जाता है। इसके बावजूद वह और रिटर्न की लालच में रुके हुए रहते हैं। अगर बाजार तेजी से गिरता है तो रिटर्न खत्म हो जाता है। इसलिए एक तय रिटर्न की चाह रखें। उससे अधिक पर नुकसान हो सकता है।
5. भीड़ का हिस्सा न बनने में ही भलाई
यह निवेशकों के बीच काफी सामान्य तरह का पूर्वाग्रह है। ऐसे निवेशक एक समूह का अनुसरण करते हैं या अपने समान सोच रखने वाले निवेशक समूह का हिस्सा बनना चाहते हैं। हालांकि, उन्हें इस बात का अहसास नहीं होता कि यह रणनीति उनके निवेश हितों के खिलाफ काम करती है और वे अन्य अवसरों को गंवा बैठते हैं।