शीर्ष क्रेडिट रेटिंग एजेंसी फिच ने उम्मीद जताई है कि भारत में आर्थिक विकास की वजह से उद्योग जगत में मांग बढ़ेगी। बता दें कि फिच ने एक नई रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट का शीर्ष इंडिया कॉरपोरेट्स: सेक्टर ट्रेंड्स 2024 है। फिच ने कहा है कि साल 2023 में उद्योग जगत का प्रदर्शन बढ़िया रहा और यह अहम ओवरसीज मार्केट की धीमी रफ्तार से भी उबरने में सक्षम होगा।
रिपोर्ट में कहा गया है कि मांग बढ़ने से लागत का दबाव भी कम होगा और अगले वित्तीय वर्ष में इससे उद्योगों का लाभ भी बढ़ेगा। भारत में घरेलू स्तर पर मजबूत मांग है और उम्मीद है कि भारत दुनिया का सबसे तेजी से विकास करने वाला देश बनेगा। फिच ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2024-25 में भारत की जीडीपी ग्रोथ 6.5 प्रतिशत रहने की उम्मीद है। बता दें कि यह अनुमान तब है जब वैश्विक परिदृश्य पर कई चुनौतियां हैं।
फिच की रिपोर्ट के अनुसार, सीमेंट, इलेक्ट्रिसिटी और पेट्रोलियम उत्पादों की मजबूत मांग बढ़ेगी और यह कोरोना से पूर्व वाले मांग स्तर से भी ज्यादा रहेगी। भारत में आधारभूत ढांचे में हो रहे विकास के चलते स्टील की मांग भी बढ़ेगी। अमेरिका और यूरोप में आईटी सेवाओं की ग्रोथ धीमी हो रही है लेकिन भारत में यह भी मजबूत रहेगी। भारत में घरेलू स्तर पर ऑटो सेक्टर की तेजी से ऑटो सेक्टर में ऑटो सप्लायर्स का राजस्व बढ़ेगा और पर्यटन के क्षेत्र में भी तेजी देखी जाएगी।