आयकरदाताओं और निवेशकों को सितंबर महीने में अपने वित्तीय लेनदेन से जुड़े पांच काम निपटाने होंगे। इसके बाद सरकार जुर्माना लगा सकती है।
1. रिटर्न नहीं भरा तो 5000 का जुर्माना
वित्त वर्ष 2020-21 का रिटर्न भरने की अंतिम तिथि 30 सितंबर है। तय अवधि में रिटर्न नहीं भरते, तो 5000 रुपये तक का जुर्माना देना पड़ सकता है। हालांकि सालाना कमाई 5 लाख से कम है, तो जुर्माने की राशि अधिकतम 1,000 रुपये होगी।
2. स्वत: कटौती का भुगतान
बैंक अगले महीने से खाते से राशि काटने के 5 दिन पहले और 24 घंटे पहले सूचना देंगे। लिहाजा अपने खाते से संबंधित मोबाइल नंबर को अपडेट कराना जरूरी होगा। इसके जरिए एसआईपी या कर्ज राशि का भुगतान किया जाता है।
3. निष्क्रिय हो जाएंगे डिमैट खाते
शेयर या म्यूचुअल फंड में पैसे लगाने वालों को 30 सितंबर तक हर हाल में अपने डीमैट खातों की केवाईसी पूरी करनी होगी। इसके बाद बिना केवाईसी वाले डिमैट खाते निष्क्रिय किए जा सकते हैं।
4. आधार पैन लिंक कराना
सेबी ने सभी निवेशकों को 30 सितंबर तक आधार और पैन कार्ड लिंक कराने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद न सिर्फ आपको फंड रिडीम कराने से रोका जा सकता है बल्कि सिप में निवेश पर भी रोक लग सकती है।
5. आधार-पीएफ खाता भी जोड़ें
अक्तूबर से आपका नियोक्ता तभी पीएफ खाते में अंशदान करेगा, जब आपने यूएएन के साथ आधार को लिंक किया होगा। ईपीएफओ ने नियमों में बदलाव करते हुए अगले महीने से पीएफ सुविधा पाने के लिए आधार का लिंक होना जरूरी कर दिया है।