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बिहार: दो छात्रों के खातों में 960 करोड़ आने का मामला सुलझा, कलेक्टर ने कहा- सीबीएस के कारण दिखी एंट्री

Thu, 16 Sep 2021 06:07 PM IST
प्रशांत कुमार झा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना 

सार

बिहार के कटिहार जिले के खगडिया में दो स्कूली बच्चों के खातों में करोड़ों रुपये आने का मामला सुलझ गया है। यह गड़बड़ी कोर बैंकिंग की वजह से हुई थी।
 
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इन बच्चों की पासबुक में हुई थी करोड़ों रुपये जमा होने की एंट्री - फोटो : ani
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विस्तार
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बिहार के कटिहार जिले के दो स्कूल छात्रों के बैंक खाते में 960 करोड़ रुपये जमा होने का मामला सुलझ गया है। कलेक्टर उदयन मिश्रा ने कहा कि कोर बैंकिंग सॉल्यूशंस (Core Banking Solutions) की गड़बड़ी की वजह से बच्चों के खाते में राशि दिख रही थी, लेकिन उनके खातों में कोई राशि ट्रांसफर नहीं हुई थी। मामले को सुलझा लिया गया है।

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उक्त दो बच्चों में से एक के खाते में 60 करोड़ रुपये तो दूसरे के खाते में 900 करोड़ रुपये की एंट्री दिख रही थी। दोनों बच्चे फगड़िया के आजमनगर थाना के बघौरा पंचायत स्थित पस्तिया गांव के रहने वाले हैं। दरअसल, बिहार में स्कूली छात्र-छात्राओं को यूनिफॉर्म के लिए राज्य सरकार की ओर से रुपये दिए जाते हैं। यह रुपये सीधे बच्चों के बैंक खाते में ही आते हैं।

जब गुरुचंद्र विश्वास और असित कुमार खाते में पोशाक की राशि के बारे में जानकारी लेने के लिए सीएसपी सेंटर पहुंचे। यहां दोनों को पता चला कि उनके खातों में तो करोड़ों रुपये जमा हैं। यह देखकर बच्चे हैरान रह गए। एंट्री देखकर वहां मौजूद अन्य लोग भी चौंक गए। छात्र असित कुमार के खाते- 1008151030208001 में 900 करोड़ से ज्यादा की राशि जमा दर्शाई गई, जबकि गुरुचन्द्र विश्वास के खाते- 1008151030208081 में 60 करोड़ रुपये से अधिक डिपॉजिट दिखाई दे रहा था। दोनों खाते उत्तर बिहार ग्रामीण बैंक भेलागंज शाखा के हैं।
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शाखा प्रबंधक भी हैरान रह गए
ग्रामीण बैंक के भेलागंज के शाखा प्रबंधक मनोज गुप्ता भी बच्चों के खातों का बैलेंस देख हैरान हो गए। उन्होंने दोनों बच्चों के खाते से भुगतान पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी और उनके खातों को फ्रीज करते हुए जांच के आदेश दिए। बैंक के वरिष्ठ अधिकारियों के संज्ञान में भी मामला लाया गया।

कलेक्टर ने कहा- कोई पैसा ट्रांसफर नहीं हुआ
कलेक्टर उदयन मिश्रा ने बताया कि ब्रांच मैनेजर ने कहा है कि उक्त बच्चों के खाते में सीबीएस के कारण यह राशि दिख रही थी। खातों में कोई पैसा ट्रांसफर नहीं हुआ था। जांच के बाद मसला सुलझा लिया गया है।
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