विकास और सुगंध ने बाबा गरीब नाथ मंदिर में लिया अनोखा प्रण
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मुजफ्फरपुर जिले के दो युवकों विकास और सुगंध की कहानी आजकल चर्चा का विषय बनी हुई है। ये दोनों युवा शहर में घूमकर लावारिस गायों को भोजन कराने के साथ-साथ उनकी मदद करने के लिए आम लोगों से अपील भी कर रहे हैं। उनका मुख्य उद्देश्य है कि गायों को कचरे में मिले प्लास्टिक से बचाना।
गायों के प्रति संवेदनशीलता
जानकारी के मुताबिक, शुरुआत में विकास ने गायों की मदद करने का फैसला किया। फिर जल्दी ही सुगंध भी उनके साथ जुड़ गए। पहले तो दोनों अपने घर से रोटी बनाकर लाते थे, लेकिन जैसे-जैसे गायों की संख्या बढ़ी तो उन्होंने अन्य लोगों से भी मदद मांगनी शुरू कर दी। अब दोनों के प्रयासों की सराहना केवल उनके मित्रों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि शहर के लोग भी उनकी कहानी सुनकर उन्हें समर्थन दे रहे हैं।
गौशाला को लेकर लिया अनोखा चैलेंज
विकास का कहना है कि जब वे बाजार में जाते हैं तो लावारिस गायों की स्थिति देखकर उनका दिल टूट जाता है। गायों के शरीर पर चोटें होती हैं और उनकी देखभाल करने वाला कोई नहीं होता। इस स्थिति को बदलने के लिए उन्होंने एक नया चैलेंज लिया है कि जब तक शहर में लावारिस गायों के लिए गौशाला नहीं बन जाती, तब तक वह अपने बाल नहीं कटवाएंगे।
बाबा नगरी गरीब नाथ मंदिर में इस चैलेंज की घोषणा के बाद विकास और सुगंध ने ठान लिया है कि वे थोड़े-थोड़े पैसे इकट्ठा करेंगे और गौशाला बनवाने की दिशा में काम करेंगे। उनका उद्देश्य है कि शहर के लोग इस मुहिम में भाग लेकर गायों की मदद करें।