बिहार सरकार ने कोरोना से जान गंवाने वाले निजी चिकित्सकों के परिजनों के लिए अहम फैसला लेते हुए उन्हें भी प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत 50 लाख रुपये के बीमा भुगतान के दायरे में लाने का निर्णय लिया है।
बिहार में कोरोना वायरस महामारी से जान गंवाने वाले निजी चिकित्सकों के परिजनों को भी 50 लाख रुपये की बीमा राशि प्रदान की जाएगी। प्रदेश के मानवाधिकार आयोग ने इस संबंध में आदेश जारी करते हुए कहा है कि यह राशि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज के तहत दी जाएगी।
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प्रदेश के निजी चिकित्सकों के परिजनों को भी सरकारी चिकित्सकों की तरह यह राशि देने की मांग इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) बिहार की ओर से उठाई जा रही थी। आईएमए का कहना है कि प्रदेश में कोरोना वायरस महामारी के चलते 80 निजी चिकित्सकों की मौत हुई है।
बिहार मानवाधिकार ने आईएमए को भेजा पत्र
इसे लेकर आईएमए बिहार को मानवाधिकार आयोग की ओर से एक पत्र भेजा गया है। इस पत्र में कोरोना से जान गंवाने वाले निजी डॉक्टरों के परिजनों को 50 लाख रुपये दिए जाने की बात कही घई है। आईएमए ने कहा है कि मानवाधिकार आयोग ने इस मामले को गंभीरता से लिया है।
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आदेश में कहा गया है कि कोविड-19 से जान गंवाने वाले निजी चिकित्सा संस्थानों के चिकित्सकों और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों के परिजनों को प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज के तहत 50 लाख रुपये की बीमा राशि दी जाएगी। बीमा राशि का यह भुगतान बीमा कंपनी की ओर से किया जाएगा।